नई दिल्ली: अगर आप बिना जोखिम के नियमित बचत करके एक बड़ा फंड तैयार करना चाहते हैं, तो रिकरिंग डिपॉजिट (RD) आपके लिए बेहतरीन विकल्प हो सकता है। RD में हर महीने एक निश्चित राशि जमा की जाती है और उस पर बैंक या पोस्ट ऑफिस द्वारा तय ब्याज मिलता है। यही वजह है कि नौकरीपेशा लोगों और सुरक्षित निवेश पसंद करने वालों के बीच RD काफी लोकप्रिय है।
अगर कोई निवेशक हर महीने ₹25,000 की RD शुरू करता है और लगातार 5 साल तक निवेश करता है, तो उसका कुल निवेश ₹15 लाख हो जाएगा। इसके बाद ब्याज और कंपाउंडिंग की ताकत इस रकम को और बढ़ा देती है।
5 साल में कितना बनेगा फंड?
₹25,000 प्रति माह के हिसाब से 60 महीनों में कुल निवेश:
- मासिक निवेश: ₹25,000
- निवेश अवधि: 5 वर्ष (60 महीने)
- कुल निवेश: ₹15,00,000
अब देखते हैं कि अलग-अलग संस्थानों में निवेश करने पर कितनी मैच्योरिटी राशि मिल सकती है।
पोस्ट ऑफिस RD
पोस्ट ऑफिस की 5 वर्षीय RD योजना को देश की सबसे सुरक्षित बचत योजनाओं में माना जाता है। वर्तमान में इस पर करीब 6.7% वार्षिक ब्याज मिल रहा है।
इस ब्याज दर पर:
- कुल निवेश: ₹15 लाख
- अनुमानित मैच्योरिटी राशि: ₹17.3 लाख से ₹17.6 लाख
- कुल ब्याज: ₹2.3 लाख से ₹2.6 लाख
सरकारी गारंटी होने के कारण यह उन निवेशकों के लिए उपयुक्त है जो पूंजी की सुरक्षा को सबसे अधिक महत्व देते हैं।
SBI और PNB RD
देश के बड़े सरकारी बैंक जैसे SBI और PNB अपनी RD योजनाओं पर लगभग 6.5% से 7% तक ब्याज देते हैं।
इन दरों पर:
- कुल निवेश: ₹15 लाख
- अनुमानित मैच्योरिटी राशि: ₹17.5 लाख से ₹18 लाख
- अनुमानित ब्याज: ₹2.5 लाख से ₹3 लाख
सरकारी बैंकों में निवेशकों को सुरक्षा के साथ थोड़ा बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना रहती है। हालांकि ब्याज दरें समय-समय पर बदल सकती हैं।
HDFC बैंक RD
प्राइवेट सेक्टर के प्रमुख बैंक HDFC Bank आमतौर पर RD पर प्रतिस्पर्धी ब्याज दरें ऑफर करते हैं। करीब 7% ब्याज दर के आधार पर गणना करें तो:
- कुल निवेश: ₹15 लाख
- अनुमानित मैच्योरिटी राशि: ₹18 लाख से ₹18.5 लाख
- कुल ब्याज: ₹3 लाख से ₹3.5 लाख
यानी समान निवेश अवधि और राशि पर HDFC जैसी निजी बैंक RD योजनाएं अपेक्षाकृत अधिक रिटर्न दे सकती हैं।
कंपाउंडिंग कैसे बढ़ाती है आपका पैसा?
RD का सबसे बड़ा फायदा कंपाउंडिंग है। हर महीने जमा होने वाली राशि अलग-अलग अवधि तक ब्याज कमाती है।
उदाहरण के लिए:
- पहले महीने जमा की गई राशि को पूरे 5 साल तक ब्याज मिलता है।
- दूसरे महीने की जमा राशि को 59 महीने तक ब्याज मिलता है।
- आखिरी महीने की राशि को केवल एक महीने का ब्याज मिलता है।
इसी वजह से नियमित निवेश के साथ लंबी अवधि में अच्छा फंड तैयार हो जाता है।
RD में निवेश से पहले जान लें ये जरूरी बातें
RD शुरू करने से पहले कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना चाहिए:
- RD से मिलने वाला ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल होता है।
- ब्याज आपकी आयकर स्लैब के अनुसार कर योग्य होता है।
- किस्त समय पर जमा नहीं करने पर पेनल्टी लग सकती है।
- मैच्योरिटी से पहले RD तोड़ने पर कम ब्याज मिल सकता है।
- ब्याज दरें समय-समय पर बदल सकती हैं।
किस विकल्प में मिलेगा सबसे ज्यादा फायदा?
| संस्थान | ब्याज दर (लगभग) | अनुमानित मैच्योरिटी राशि |
|---|---|---|
| पोस्ट ऑफिस | 6.7% | ₹17.3 लाख – ₹17.6 लाख |
| SBI | 6.5% – 7% | ₹17.5 लाख – ₹18 लाख |
| PNB | 6.5% – 7% | ₹17.5 लाख – ₹18 लाख |
| HDFC बैंक | लगभग 7% | ₹18 लाख – ₹18.5 लाख |
निष्कर्ष
अगर आप बिना बाजार जोखिम के नियमित बचत के जरिए एक बड़ा फंड तैयार करना चाहते हैं, तो ₹25,000 की मासिक RD से 5 साल में लगभग ₹17.5 लाख से ₹18.5 लाख तक की राशि जुटाई जा सकती है। हालांकि निवेश करने से पहले विभिन्न बैंकों और पोस्ट ऑफिस की मौजूदा ब्याज दरों की तुलना जरूर करें ताकि आपको बेहतर रिटर्न मिल सके।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। ब्याज दरें समय-समय पर बदल सकती हैं। निवेश का कोई भी निर्णय लेने से पहले संबंधित बैंक, पोस्ट ऑफिस या वित्तीय सलाहकार से सलाह अवश्य लें।


