NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    raghuram-rajan-questions-india-gdp-growth-corporate-investment-fdi
    कुछ तो गड़बड़ है… रघुराम राजन ने GDP ग्रोथ के आंकड़ों पर उठाए सवाल, बोले- निवेश क्यों नहीं बढ़ रहा?
    12 जून 2026
    south-korea-economy-semiconductor-boom-kospi-stock-market-growth
    South Korea Economy: छोटी चिप का बड़ा कमाल, साउथ कोरिया ने लगा दी 30 साल में सबसे लंबी छलांग
    12 जून 2026
    irctc-new-website-launch-july-2026-confirm-train-ticket-booking
    IRCTC New Website: अब कंफर्म टिकट बुक करना होगा आसान! रेल मंत्री ने 15 जुलाई तक लॉन्च की नई वेबसाइट का किया ऐलान
    12 जून 2026
    tata-motors-price-hike-july-2026-punch-nexon-harrier-safari
    Tata Motors Price Hike: 1 जुलाई से महंगी होंगी पंच, नेक्सन, कर्व और सफारी, जानिए कितनी बढ़ेंगी कीमतें
    12 जून 2026
    rbi-kill-switch-feature-digital-payment-fraud-prevention
    RBI का बड़ा कदम! अब एक क्लिक में रुक जाएंगे UPI, कार्ड और नेट बैंकिंग ट्रांजैक्शन, जानिए क्या है Kill Switch Feature
    12 जून 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-silver-price-today-12-june-2026-gold-rate-silver-price-india
    Gold-Silver Price Today: सोना-चांदी के दामों में फिर मची हलचल! जानिए आज कितने बदले आपके शहर के भाव
    12 जून 2026
    gold-silver-price-crash-gold-falls-rs-15765-silver-rs-53810-in-one-month
    Gold Silver Price Crash: फिर औंधे मुंह गिरी कीमतें! सोना एक महीने में ₹15,765 टूटा, चांदी ₹53,810 सस्ती; जानिए कहां पहुंच गए भाव
    11 जून 2026
    gold-silver-price-today-10-june-2026-gold-falls-rs4300-silver-drops-rs10000
    Gold Silver Price Today: सोना ₹4,300 लुढ़का, चांदी ₹10,000 टूटी, खरीदारी का मौका या अभी और गिरेंगे भाव?
    10 जून 2026
    petrol-price-today-9-june-2026-petrol-diesel-rate-noida-delhi-crude-oil-price
    Petrol Price Today: क्रूड के भाव में नरमी नहीं, नोएडा में आज पेट्रोल ₹102 और डीजल ₹97 के पार, जानिए आज का भाव
    9 जून 2026
    petrol-diesel-cng-lpg-supply-delhi-fuel-stock-76-days-india
    Petrol Diesel CNG LPG Supply: दिल्ली में ईंधन की कोई कमी नहीं, देश में 76 दिन का फ्यूल स्टॉक मौजूद- सरकार
    8 जून 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    share-market-update-sensex-jumps-1300-points-investors-gain-rs-6-lakh-crore
    Share Market Update: ₹7 लाख करोड़ की लॉटरी! ट्रंप के एक ऐलान से शेयर बाजार में तूफानी तेजी, सेंसेक्स 1,400 अंक उछला
    12 जून 2026
    hexagon-nutrition-share-listing-buy-sell-or-hold-after-ipo
    Hexagon Nutrition Share Listing: सुस्त लिस्टिंग के बाद भी एक्सपर्ट बुलिश, जानिए निवेशकों को शेयर खरीदना चाहिए, बेचना चाहिए या होल्ड?
    12 जून 2026
    vedanta-demerger-four-new-companies-listing-date-15-june-2026
    Vedanta Demerger: वेदांता की 4 नई कंपनियों की लिस्टिंग 15 जून को, निवेशकों के लिए क्या होगा बड़ा बदलाव?
    12 जून 2026
    trump-iran-peace-talks-share-market-rally-sensex-nifty-oil-price-fall
    ट्रंप के एक एलान से दौड़ा शेयर बाजार, निफ्टी 250 अंक उछला, सेंसेक्स में 876 अंकों की तेजी; कच्चे तेल में बड़ी गिरावट
    12 जून 2026
    spacex-ipo-antonio-gracias-elon-musk-friend-billion-dollar-gain
    SpaceX IPO: Elon Musk के दोस्त Antonio Gracias की 65 अरब डॉलर की कमाई? जानिए पूरी कहानी
    11 जून 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: Gold Investment: 13 साल में सबसे खराब प्रदर्शन की ओर बढ़ रहा सोना, क्या यह खरीदारी का मौका है या खतरे की घंटी?
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

Gold Investment: 13 साल में सबसे खराब प्रदर्शन की ओर बढ़ रहा सोना, क्या यह खरीदारी का मौका है या खतरे की घंटी?

Namam Sharma
Last updated: 2026/06/12 at 1:02 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
gold-investment-gold-price-fall-expert-advice-investors
SHARE

नई दिल्ली: सोना लंबे समय से निवेशकों के लिए सुरक्षित निवेश (Safe Haven Asset) माना जाता रहा है। वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, युद्ध, महंगाई और वित्तीय संकट के दौर में निवेशक अक्सर सोने का रुख करते हैं। लेकिन साल 2026 में तस्वीर कुछ अलग दिखाई दे रही है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतें अपने उच्चतम स्तर से करीब 25 फीसदी तक फिसल चुकी हैं। यदि यह गिरावट जारी रहती है तो वर्ष 2013 के बाद यह सोने का सबसे कमजोर सालाना प्रदर्शन साबित हो सकता है।

Contents
क्यों दबाव में है सोना?ब्याज दरों ने बढ़ाया दबावक्या प्रॉफिट बुकिंग भी है गिरावट की वजह?भारतीय निवेशकों पर कितना असर?निवेशकों को क्या करना चाहिए?एक्सपर्ट्स की क्या राय है?क्या यह खरीदारी का मौका है?निष्कर्षआज के लाइव रेट्स

दिलचस्प बात यह है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कमजोरी के बावजूद भारतीय बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में मजबूती देखने को मिल रही है। एमसीएक्स और सर्राफा बाजार दोनों में तेजी दर्ज की गई है। ऐसे में निवेशकों के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या यह गिरावट आगे भी जारी रहेगी या फिर यह लंबी अवधि के निवेशकों के लिए खरीदारी का अवसर है।

क्यों दबाव में है सोना?

साल की शुरुआत में वैश्विक अनिश्चितताओं और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण सोने की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला था। निवेशकों ने जोखिम वाले एसेट्स से पैसा निकालकर सोने में निवेश बढ़ाया था। हालांकि हाल के हफ्तों में हालात बदलने लगे हैं।

पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और युद्धविराम की उम्मीदों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है। इसी के साथ कच्चे तेल की कीमतों में भी नरमी आई है। पहले जहां ब्रेंट क्रूड 114 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया था, वहीं अब यह 100 डॉलर से नीचे कारोबार कर रहा है।

तेल की कीमतों में नरमी का सीधा असर महंगाई की उम्मीदों पर पड़ता है। जब निवेशकों को लगता है कि महंगाई नियंत्रित रहेगी तो वे सोने की बजाय बॉन्ड, इक्विटी और अन्य ब्याज देने वाले निवेश विकल्पों की ओर रुख करते हैं।

ब्याज दरों ने बढ़ाया दबाव

विशेषज्ञों का मानना है कि सोने में गिरावट का सबसे बड़ा कारण वैश्विक स्तर पर ऊंची ब्याज दरें हैं। यूरोपीय सेंट्रल बैंक सहित कई केंद्रीय बैंक महंगाई को नियंत्रित करने के लिए सख्त मौद्रिक नीति अपना रहे हैं।

जब ब्याज दरें बढ़ती हैं तो सरकारी बॉन्ड और फिक्स्ड इनकम इंस्ट्रूमेंट्स अधिक आकर्षक हो जाते हैं। दूसरी ओर सोना कोई ब्याज या डिविडेंड नहीं देता। ऐसे में निवेशकों के लिए सोना रखने की अवसर लागत (Opportunity Cost) बढ़ जाती है।

यही वजह है कि पिछले कुछ महीनों में बड़े संस्थागत निवेशकों ने सोने में अपनी हिस्सेदारी घटाई है और दूसरे एसेट क्लास में निवेश बढ़ाया है।

क्या प्रॉफिट बुकिंग भी है गिरावट की वजह?

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि केवल वैश्विक परिस्थितियां ही नहीं बल्कि निवेशकों की प्रॉफिट बुकिंग भी सोने पर दबाव का बड़ा कारण बनी है।

पिछले वर्ष सोने ने शानदार रिटर्न दिया था और कई निवेशकों ने रिकॉर्ड मुनाफा कमाया था। ऐसे में इस साल बड़ी संख्या में निवेशकों ने अपने मुनाफे को सुरक्षित करने के लिए बिकवाली की।

जब किसी एसेट में लगातार कई महीनों तक तेजी आती है तो उसके बाद प्रॉफिट बुकिंग सामान्य प्रक्रिया मानी जाती है। वर्तमान गिरावट को भी काफी हद तक इसी नजरिए से देखा जा रहा है।

भारतीय निवेशकों पर कितना असर?

अंतरराष्ट्रीय बाजार में गिरावट के बावजूद भारतीय निवेशकों को अपेक्षाकृत कम नुकसान हुआ है। इसकी मुख्य वजह रुपये की कमजोरी है।

जब डॉलर के मुकाबले रुपया कमजोर होता है तो आयातित सोने की कीमत पर उसका प्रभाव पड़ता है। इस कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में गिरावट का पूरा फायदा घरेलू बाजार तक नहीं पहुंच पाता।

विशेषज्ञों का कहना है कि यही वजह है कि भारत में सोने की कीमतें वैश्विक कीमतों की तुलना में अधिक स्थिर बनी हुई हैं। इसके अलावा शादी-ब्याह और त्योहारों के सीजन से पहले ज्वेलरी डिमांड भी कीमतों को सहारा दे सकती है।

निवेशकों को क्या करना चाहिए?

टाटा म्यूचुअल फंड का मानना है कि निकट भविष्य में सोने की कीमतें एक सीमित दायरे में रह सकती हैं। शॉर्ट टर्म में 5 फीसदी तक का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है, लेकिन लंबी अवधि का दृष्टिकोण अभी भी सकारात्मक बना हुआ है।

फंड हाउस के अनुसार, केंद्रीय बैंकों की खरीदारी, भू-राजनीतिक जोखिम, बढ़ता सरकारी कर्ज और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता जैसे कई कारक अभी भी सोने को समर्थन दे सकते हैं।

विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि निवेशकों को गिरावट के दौरान घबराकर अपनी पूरी होल्डिंग नहीं बेचनी चाहिए। यदि पोर्टफोलियो में सोने का हिस्सा बहुत अधिक हो गया है तो सीमित रीबैलेंसिंग की जा सकती है, लेकिन लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह समय धैर्य रखने का है।

एक्सपर्ट्स की क्या राय है?

एनरिच मनी के सीईओ आर पोनमुडी का कहना है कि निवेशकों को सोने से पूरी तरह बाहर निकलने की जरूरत नहीं है। उनके अनुसार, 2025 की तेज रैली के बाद कुछ प्रॉफिट बुकिंग स्वाभाविक थी और हालिया करेक्शन ने बाजार में मौजूद अतिरिक्त सट्टेबाजी को काफी हद तक समाप्त कर दिया है।

उन्होंने कहा कि वर्तमान स्तरों पर सोने का मूल्यांकन पहले की तुलना में अधिक संतुलित दिखाई देता है। इसलिए लंबी अवधि के निवेशक चरणबद्ध तरीके से निवेश जारी रख सकते हैं।

क्या यह खरीदारी का मौका है?

इतिहास बताता है कि सोने में बड़ी गिरावट के बाद अक्सर लंबी अवधि के निवेशकों को अच्छे अवसर मिले हैं। हालांकि किसी भी निवेश का फैसला केवल कीमतों की गिरावट के आधार पर नहीं करना चाहिए।

यदि आपका निवेश लक्ष्य 5 से 10 साल का है और आप पोर्टफोलियो में विविधता बनाए रखना चाहते हैं तो मौजूदा गिरावट को चरणबद्ध खरीदारी के अवसर के रूप में देखा जा सकता है। वहीं अल्पकालिक निवेशकों को बाजार में बढ़ती अस्थिरता को ध्यान में रखते हुए सावधानी बरतनी चाहिए।

निष्कर्ष

सोने की कीमतों में आई हालिया गिरावट ने निवेशकों को चिंता में जरूर डाला है, लेकिन अधिकांश विशेषज्ञ इसे लंबी अवधि के लिए नकारात्मक संकेत नहीं मान रहे हैं। वैश्विक आर्थिक परिस्थितियां, केंद्रीय बैंकों की नीतियां और भू-राजनीतिक घटनाक्रम आने वाले महीनों में सोने की दिशा तय करेंगे।

ऐसे में घबराकर निवेश से बाहर निकलने की बजाय अपने वित्तीय लक्ष्यों और जोखिम क्षमता के अनुसार रणनीति बनाना ज्यादा समझदारी होगी। लंबी अवधि के निवेशकों के लिए सोना अभी भी पोर्टफोलियो का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बना रह सकता है।

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट

You Might Also Like

कुछ तो गड़बड़ है… रघुराम राजन ने GDP ग्रोथ के आंकड़ों पर उठाए सवाल, बोले- निवेश क्यों नहीं बढ़ रहा?

South Korea Economy: छोटी चिप का बड़ा कमाल, साउथ कोरिया ने लगा दी 30 साल में सबसे लंबी छलांग

IRCTC New Website: अब कंफर्म टिकट बुक करना होगा आसान! रेल मंत्री ने 15 जुलाई तक लॉन्च की नई वेबसाइट का किया ऐलान

Tata Motors Price Hike: 1 जुलाई से महंगी होंगी पंच, नेक्सन, कर्व और सफारी, जानिए कितनी बढ़ेंगी कीमतें

RBI का बड़ा कदम! अब एक क्लिक में रुक जाएंगे UPI, कार्ड और नेट बैंकिंग ट्रांजैक्शन, जानिए क्या है Kill Switch Feature

TAGGED: Commodity Market, Gold ETF, gold investment, gold market, gold news, gold price, gold rate today, Investment Tips, Precious Metals, Sovereign Gold Bond, Tata Mutual Fund
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article tata-motors-price-hike-july-2026-punch-nexon-harrier-safari Tata Motors Price Hike: 1 जुलाई से महंगी होंगी पंच, नेक्सन, कर्व और सफारी, जानिए कितनी बढ़ेंगी कीमतें
Next Article irctc-new-website-launch-july-2026-confirm-train-ticket-booking IRCTC New Website: अब कंफर्म टिकट बुक करना होगा आसान! रेल मंत्री ने 15 जुलाई तक लॉन्च की नई वेबसाइट का किया ऐलान

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

air-india-no-meal-ticket-domestic-flight-fare-reduction
Air India का नया प्लान! खाना छोड़िए और सस्ते में उड़िए, घरेलू फ्लाइट टिकटों पर मिल सकती है बड़ी राहत
फाइनेंस
edible-oil-packaging-rules-standard-pack-size-ban
Edible Oil की पैकेजिंग को लेकर सरकार का बड़ा कदम, बाजार में बिकने वाले इन खास साइज के पैकों पर लगेगी रोक?
फाइनेंस
bhel-sail-maharatna-status-crisis-government-ultimatum
BHEL-SAIL Crisis: BHEL और SAIL के महारत्न दर्जे पर मंडरा रहा खतरा, सरकार ने दिया 1 साल का अल्टीमेटम; समझिए क्या है पूरा मामला
फाइनेंस
reliance-infra-sebi-trading-restrictions-review-retail-investors
Reliance Infra ने SEBI से लगाई गुहार, शेयरों पर लगे प्रतिबंध हटाने की मांग; 7 लाख निवेशकों का दिया हवाला
फाइनेंस
assam-da-hike-60-percent-state-government-employees-8th-pay-commission
8th Pay Commission के बीच कर्मचारियों को बड़ा तोहफा, इस राज्य ने DA बढ़ाकर 60% किया; 9 लाख से ज्यादा लोगों को मिलेगा फायदा
फाइनेंस
silver-hallmarking-challenges-bis-huid-silver-jewellery
Silver Hallmarking: चांदी के गहनों पर कब होगी अनिवार्य हॉलमार्किंग? BIS ने बताईं बड़ी चुनौतियां
फाइनेंस
8th-pay-commission-suggestion-last-date-extended-till-15-june-2026-salary-hike-update
8th Pay Commission News: 15 जून तक बढ़ी सुझाव देने की अंतिम तारीख, अब कर्मचारी खुद बता सकते हैं कितनी बढ़नी चाहिए सैलरी
फाइनेंस
merritronix-share-gives-over-120-percent-return-after-ipo-listing-hits-upper-circuit
₹149 का IPO अब ₹344 के पार, Merritronix ने 130% से ज्यादा दिया रिटर्न
फाइनेंस
anil-ambani-black-money-act-tax-evasion-case-bombay-high-court-relief
टैक्स चोरी मामले में अनिल अंबानी को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, दंडात्मक कार्रवाई पर लगी रोक; जानिए अब आगे क्या होगा
फाइनेंस
pm-kisan-23rd-installment-date-18-june-fact-check
PM Kisan 23rd Installment: क्या 18 जून को आएगी 23वीं किस्त? जानिए क्यों चर्चा में है यह तारीख और क्या कहता है रिकॉर्ड
फाइनेंस

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?