नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही फिल्म ‘रामायण’ अपनी भव्यता और बड़े बजट को लेकर लगातार चर्चा में है। रणबीर कपूर, यश, साई पल्लवी और सनी देओल जैसे बड़े सितारों से सजी इस फिल्म को भारतीय सिनेमा की सबसे महंगी फिल्मों में शामिल किया जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, फिल्म के पहले भाग का बजट करीब 1,600 करोड़ रुपये बताया जा रहा है। फिल्म में जहां अत्याधुनिक VFX और CGI तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, वहीं इसके प्रोडक्शन डिजाइन पर भी भारी निवेश किया गया है।
फिल्म की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसमें इस्तेमाल होने वाली कई महत्वपूर्ण चीजें कंप्यूटर ग्राफिक्स से नहीं, बल्कि वास्तविक मॉडल तैयार करके बनाई गई हैं। इनमें रावण का सोने का सिंहासन, पुष्पक विमान और शूर्पणखा का रथ शामिल हैं। इन वस्तुओं को तैयार करने में महीनों की मेहनत और करोड़ों रुपये खर्च किए गए हैं।
चार महीने में तैयार हुआ रावण का सोने का सिंहासन

फिल्म ‘रामायण’ में रावण के सिंहासन को बेहद भव्य तरीके से तैयार किया गया है। कहानी के एक महत्वपूर्ण हिस्से में दिखाया जाता है कि रावण कुबेर से लंका का अधिकार हासिल करने के बाद नया राजा बनता है और अपने लिए एक शानदार सिंहासन तैयार करवाता है।
फिल्म के आर्ट डायरेक्टर रमेश अंधाले ने ‘प्रभात खबर’ को दिए इंटरव्यू में बताया कि रावण के इस सिंहासन को तैयार करने में आर्ट डिजाइन टीम को करीब चार महीने का समय लगा। इसके निर्माण की प्रक्रिया काफी लंबी और बारीकी से पूरी की गई।
सबसे पहले सिंहासन का डिजाइन तैयार किया गया। इसके बाद उसी डिजाइन के आधार पर मिट्टी का मॉडल बनाया गया। मॉडल को अंतिम रूप देने के बाद फाइबर की मदद से सिंहासन का वास्तविक ढांचा तैयार किया गया। इसकी खूबसूरती बढ़ाने के लिए 24 कैरेट सोने की परत यानी गोल्ड लीफिंग का इस्तेमाल किया गया।
रमेश अंधाले के मुताबिक, इस भव्य सिंहासन को तैयार करने में करीब 1 करोड़ रुपये खर्च हुए। फिल्म में रावण के किरदार की शाही और शक्तिशाली छवि को दर्शाने के लिए इसे विशेष रूप से डिजाइन किया गया है।
शूर्पणखा के रथ पर खर्च हुए 1.5 करोड़ रुपये
फिल्म में सिर्फ रावण का सिंहासन ही महंगा नहीं है, बल्कि शूर्पणखा का रथ भी काफी खास तरीके से तैयार किया गया है। यह वही रथ है, जिसमें सवार होकर शूर्पणखा पंचवटी के जंगल में भगवान राम और लक्ष्मण के पास पहुंचती है।
आर्ट डायरेक्टर रमेश अंधाले के अनुसार, इस रथ को तैयार करने में करीब तीन महीने का समय लगा। इसकी डिजाइनिंग के दौरान टीम के सामने सबसे बड़ी चुनौती इसे देखने में भव्य बनाने के साथ-साथ वास्तविक रूप से काम करने योग्य बनाना था।
रथ की उपयोगिता, मजबूती और खूबसूरती को ध्यान में रखते हुए इसका निर्माण किया गया। इसे आकर्षक बनाने के लिए गोल्ड फिनिश का इस्तेमाल किया गया। खास बात यह है कि फिल्म में यह रथ केवल एक सीन में दिखाई देता है, लेकिन इसके निर्माण पर करीब 1.5 करोड़ रुपये खर्च किए गए।
इससे साफ पता चलता है कि फिल्म की प्रोडक्शन डिजाइन टीम ने छोटे से छोटे दृश्य को भी भव्य बनाने के लिए काफी मेहनत की है।
पुष्पक विमान भी वास्तविक मॉडल के रूप में तैयार

‘रामायण’ में पुष्पक विमान भी दर्शकों के लिए आकर्षण का बड़ा केंद्र होने वाला है। पौराणिक कथा के अनुसार, पुष्पक विमान कुबेर का था, जिसे रावण ने अपने अधिकार में ले लिया था। फिल्म में इस विमान को भी भव्य रूप देने के लिए विशेष प्रोडक्शन डिजाइन पर काम किया गया है।
फिल्म के आर्ट डायरेक्टर के मुताबिक, फिल्म की कई महत्वपूर्ण वस्तुओं को वास्तविक मॉडल के रूप में तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य दर्शकों को कहानी की दुनिया से जोड़ना और पर्दे पर ज्यादा वास्तविक अनुभव देना है।
1,600 करोड़ रुपये के बजट में बन रही है ‘रामायण’
नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही ‘रामायण’ को दो भागों में रिलीज करने की योजना है। फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा के प्राइम फोकस स्टूडियोज की ओर से किया जा रहा है। इसमें DNEG और यश की मॉन्स्टर माइंड क्रिएशन्स भी सहयोग कर रही हैं।
फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम, साई पल्लवी माता सीता, यश रावण, रवि दुबे लक्ष्मण और सनी देओल भगवान हनुमान की भूमिका में नजर आएंगे।
रिपोर्ट्स के अनुसार, फिल्म के पहले भाग का बजट करीब 1,600 करोड़ रुपये है। इसका बड़ा हिस्सा VFX, CGI और भव्य प्रोडक्शन डिजाइन पर खर्च किया जा रहा है। फिल्म का पहला भाग 5 नवंबर 2026 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होने के लिए निर्धारित है, जबकि दूसरा भाग दिवाली 2028 में रिलीज किया जाएगा।
‘रामायण’ को लेकर दर्शकों के बीच पहले से ही काफी उत्साह है। अब रावण के सिंहासन और शूर्पणखा के रथ की कीमत से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद फिल्म की भव्यता और इसके निर्माण पर होने वाले खर्च को लेकर चर्चा और बढ़ गई है।
Source: प्रभात खबर की रिपोर्ट पर आधारित।
डिस्क्लेमर: फिल्म के बजट और प्रोडक्शन डिजाइन पर खर्च से जुड़ी रकम मीडिया रिपोर्ट्स और आर्ट डायरेक्टर के इंटरव्यू में दी गई जानकारी पर आधारित है।


