सोशल मीडिया पर एक नई नौकरी ज्वॉइन करने वाले कर्मचारी की पहली मीटिंग से जुड़ी पोस्ट तेजी से चर्चा में है। इस पोस्ट में दावा किया गया है कि एक न्यू एम्प्लॉई ने अपनी पहली मीटिंग के दौरान सीनियर कलीग से ऐसे सवाल पूछ लिए, जिन्हें आमतौर पर प्रोफेशनल बातचीत में निजी माना जाता है। इनमें प्रोजेक्ट बजट, आउटिंग के लिए फंड और सीनियर के अप्रेजल से जुड़े सवाल शामिल थे।
घटना को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की राय बंटी हुई है। कुछ यूजर्स ने नए कर्मचारी के सवाल पूछने के तरीके को अजीब और जरूरत से ज्यादा बेबाक बताया, जबकि कुछ लोगों ने उसका बचाव करते हुए कहा कि सवाल पूछना गलत नहीं है। अगर कोई व्यक्ति अपनी सैलरी या अप्रेजल से जुड़ी जानकारी साझा नहीं करना चाहता, तो वह आसानी से मना कर सकता है।
न्यू एम्प्लॉई ने पूछे प्रोजेक्ट बजट से लेकर अप्रेजल तक के सवाल
Bro 😭
So, new guys joined my company and they spent the whole day trying to figure out who their managers were.
One guy got to know his teammates and started talking about the tech stack and all. Even I was standing there, listening and introduced myself.
This guy then asked…
— Ojas Sharma (@OjasSharma276) August 17, 2026 ओजस शर्मा नाम के एक सोशल मीडिया यूजर ने X पर इस घटना को शेयर किया। उन्होंने बताया कि कंपनी में कुछ नए कर्मचारी आए थे और वे शुरुआती दिन में अपने मैनेजर और टीम के बारे में जानकारी ले रहे थे। एक नया कर्मचारी अपने टीममेट्स से बातचीत करते हुए टेक स्टैक आदि के बारे में चर्चा कर रहा था।
इसी बातचीत के दौरान उसने एक सीनियर कलीग से पूछा कि क्या प्रोजेक्ट का बजट टीम की आउटिंग के लिए पर्याप्त है। इसके बाद उसने सीधे सीनियर से उनका अप्रेजल रेट पूछ लिया।
सीनियर ने बताया कि उनका अप्रेजल डबल डिजिट में है। इसके बाद न्यू एम्प्लॉई ने उनसे यह भी पूछ लिया कि क्या वह अपना अप्रेजल रेट बता सकते हैं। यह सवाल सुनकर सीनियर असहज हो गए और उन्होंने जवाब में मजाकिया अंदाज में पूछा कि क्या उन्हें अभी अपनी पेचेक दिखानी चाहिए।
पोस्ट शेयर करने वाले यूजर ने इस बातचीत पर हैरानी जताई और सवाल किया कि क्या पहली ही मीटिंग में किसी कलीग से इस तरह के निजी सवाल पूछना उचित है।
सोशल मीडिया पर शुरू हुई बहस
इस पोस्ट के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स के बीच बहस शुरू हो गई। कुछ लोगों का मानना था कि नौकरी के पहले ही दिन सीनियर की सैलरी, अप्रेजल या निजी वित्तीय जानकारी के बारे में सीधे सवाल करना प्रोफेशनल एटीकेट के लिहाज से उचित नहीं है।
वहीं, कुछ यूजर्स ने कहा कि सवाल पूछना अपने आप में गलत नहीं है। उनका तर्क था कि अगर सामने वाला व्यक्ति जानकारी साझा नहीं करना चाहता, तो वह साफ तौर पर मना कर सकता है। किसी नए कर्मचारी को केवल सवाल पूछने की वजह से जज करना भी सही नहीं माना जाना चाहिए।
एक यूजर ने न्यू एम्प्लॉई का बचाव करते हुए कहा कि उसे सवाल पूछने में कोई समस्या नहीं दिखती। उसके मुताबिक, जानकारी साझा नहीं करनी है तो मना किया जा सकता है, लेकिन इसके लिए सामने वाले से बदतमीजी करने की जरूरत नहीं है।
एक अन्य यूजर ने कहा कि नया कर्मचारी समय के साथ यह समझ जाएगा कि ऑफिस में किस तरह के सवाल कब पूछने चाहिए।
क्या ऑफिस में सैलरी और अप्रेजल पूछना गलत है?
सैलरी और अप्रेजल को लेकर बातचीत अपने आप में गलत नहीं है। कई कंपनियों में कर्मचारी वेतन, अप्रेजल और प्रमोशन से जुड़ी जानकारी आपस में साझा करते हैं। इससे कर्मचारियों को अपने मार्केट वैल्यू और करियर ग्रोथ को समझने में मदद भी मिल सकती है।
हालांकि, किसी सहकर्मी से पहली मुलाकात में सीधे उसकी सैलरी, अप्रेजल या निजी वित्तीय स्थिति पूछना असहज स्थिति पैदा कर सकता है। खासकर तब, जब सामने वाले व्यक्ति से अभी प्रोफेशनल संबंध भी ठीक से स्थापित न हुए हों।
ऐसे सवालों को पूछने का तरीका और समय ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है। उदाहरण के लिए, किसी की सैलरी पूछने के बजाय यह जानना ज्यादा सहज हो सकता है कि कंपनी में अप्रेजल किस आधार पर होता है, प्रमोशन की प्रक्रिया क्या है या किसी खास भूमिका के लिए सामान्य सैलरी रेंज क्या रहती है।
नई नौकरी में किन बातों पर करें फोकस?
नई कंपनी में शुरुआत के दौरान कर्मचारी को सबसे पहले अपनी टीम, मैनेजर, काम की प्रक्रिया और कंपनी के कल्चर को समझने पर ध्यान देना चाहिए। प्रोजेक्ट की जिम्मेदारियां, टेक्नोलॉजी स्टैक, टीम का वर्कफ्लो, मीटिंग की प्रक्रिया और परफॉर्मेंस से जुड़ी उम्मीदों के बारे में सवाल करना आमतौर पर उपयोगी माना जाता है।
वहीं, सीनियर की व्यक्तिगत सैलरी, निजी खर्च, उम्र या अन्य निजी मामलों से जुड़े सवाल शुरुआती बातचीत में पूछने से बचना बेहतर हो सकता है।
इस वायरल पोस्ट ने एक बार फिर यह चर्चा शुरू कर दी है कि ऑफिस में बेझिझक सवाल पूछना और प्रोफेशनल सीमाओं का ध्यान रखना—इन दोनों के बीच संतुलन कैसे बनाया जाए।


