Molbio Diagnostics IPO: आईपीओ बाजार में अगले हफ्ते एक अहम इश्यू दस्तक देने जा रहा है। टेमासेक और मोतीलाल ओसवाल प्राइवेट इक्विटी समर्थित Molbio Diagnostics Ltd ने आम निवेशकों के लिए IPO खुलने से पहले ही एंकर निवेशकों से ₹281.5 करोड़ जुटा लिए हैं। कंपनी ने 33 एंकर निवेशकों को कुल 34.88 लाख इक्विटी शेयर ₹807 प्रति शेयर के भाव पर आवंटित किए हैं। यह कीमत IPO के प्राइस बैंड की ऊपरी सीमा है।
एंकर बुक में BlackRock Global Funds, Goldman Sachs, Mirae Asset, Nippon India Mutual Fund और ICICI Prudential Mutual Fund जैसे बड़े संस्थागत निवेशकों की भागीदारी देखने को मिली है। बड़े घरेलू और विदेशी निवेशकों के शामिल होने से Molbio Diagnostics IPO को लेकर बाजार में दिलचस्पी बढ़ गई है।
33 एंकर निवेशकों ने लगाए ₹281.5 करोड़
Molbio Diagnostics ने IPO से पहले एंकर निवेशकों को 34.88 लाख शेयर आवंटित किए हैं। ₹807 प्रति शेयर के हिसाब से इन शेयरों का कुल मूल्य करीब ₹281.5 करोड़ बैठता है।
एंकर निवेशकों की सूची में कई बड़े फंड और संस्थागत निवेशक शामिल हैं। इनमें Goldman Sachs, BlackRock Global Funds, Mirae Asset, Nippon India Mutual Fund, ICICI Prudential Mutual Fund, Kotak Mutual Fund, Tata Mutual Fund, WhiteOak Capital, Bajaj Life Insurance और HDFC Life Insurance जैसे नाम शामिल हैं।
एंकर निवेशकों की भागीदारी को आमतौर पर IPO के लिए शुरुआती संस्थागत भरोसे के संकेत के तौर पर देखा जाता है। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि IPO में लिस्टिंग के बाद शेयर का प्रदर्शन निश्चित रूप से मजबूत ही रहेगा। निवेशकों को कंपनी के वैल्यूएशन, वित्तीय प्रदर्शन और जोखिमों को भी ध्यान में रखना चाहिए।
घरेलू म्यूचुअल फंड्स का रहा बड़ा हिस्सा
Molbio Diagnostics की एंकर बुक में घरेलू म्यूचुअल फंड्स का दबदबा खास तौर पर नजर आया। कुल 34.88 लाख आवंटित शेयरों में से 23.54 लाख शेयर यानी करीब 67.51 फीसदी घरेलू म्यूचुअल फंड्स को आवंटित किए गए।
ये शेयर नौ फंड हाउस की 19 अलग-अलग स्कीम्स के जरिए आवंटित किए गए हैं। इससे पता चलता है कि घरेलू संस्थागत निवेशकों ने भी कंपनी के IPO में शुरुआती स्तर पर पर्याप्त रुचि दिखाई है।
10 अगस्त को खुलेगा Molbio Diagnostics IPO
Molbio Diagnostics IPO 10 अगस्त 2026 को सब्सक्रिप्शन के लिए खुलेगा और 12 अगस्त 2026 को बंद हो जाएगा। कंपनी ने IPO के लिए ₹768 से ₹807 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है।
ऊपरी प्राइस बैंड पर इश्यू का आकार करीब ₹940 करोड़ और निचले प्राइस बैंड पर करीब ₹904 करोड़ रहने का अनुमान है। कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग 17 अगस्त 2026 को BSE और NSE पर प्रस्तावित है।
₹807 के ऊपरी प्राइस बैंड के आधार पर IPO के बाद कंपनी का अनुमानित बाजार पूंजीकरण करीब ₹9,300 करोड़ रह सकता है।
Fresh Issue और OFS में क्या है पूरा गणित?
Molbio Diagnostics IPO में ₹200 करोड़ तक का Fresh Issue शामिल है। इसके अलावा मौजूदा शेयरधारक 91.66 लाख इक्विटी शेयरों तक का Offer for Sale (OFS) लेकर आ रहे हैं।
OFS के जरिए एक्सोरा ट्रेडिंग LLP, डॉ. चंद्रशेखर भास्करन नायर, इंडिया बिजनेस एक्सीलेंस फंड III, गोपालकृष्ण मंगलोर किणी, जे गुरु दत्त, गोपालकृष्ण सम्पतगिरी, संगीता एम किणी, एम ए उषा रानी, एम ए रोहित और श्रुति जी किणी समेत कई मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे।
इसका मतलब है कि IPO से मिलने वाली पूरी रकम कंपनी के पास नहीं जाएगी। Fresh Issue से प्राप्त रकम कंपनी के कारोबार और विस्तार के लिए इस्तेमाल होगी, जबकि OFS से मिलने वाली राशि संबंधित मौजूदा शेयरधारकों को जाएगी।
IPO से मिलने वाले पैसे का इस्तेमाल कहां होगा?
कंपनी Fresh Issue से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल कारोबार के विस्तार और रिसर्च एवं डेवलपमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने में करेगी।
Molbio Diagnostics करीब ₹106 करोड़ नई R&D सुविधा, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और उससे जुड़े ऑफिस स्पेस के इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास पर खर्च करेगी। इसके अलावा करीब ₹72 करोड़ गोवा यूनिट-I, गोवा यूनिट-II और विशाखापत्तनम यूनिट में प्लांट, मशीनरी और अन्य उपकरण खरीदने के लिए इस्तेमाल किए जाएंगे।
बाकी रकम का इस्तेमाल सामान्य कॉरपोरेट जरूरतों के लिए किया जाएगा। कंपनी के लिए यह निवेश उसकी उत्पादन क्षमता और डायग्नोस्टिक्स टेक्नोलॉजी को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण हो सकता है।
Truenat टेक्नोलॉजी है कंपनी की सबसे बड़ी ताकत
साल 2000 में स्थापित Molbio Diagnostics पॉइंट-ऑफ-केयर डायग्नोस्टिक्स के क्षेत्र में काम करती है। कंपनी का प्रमुख Truenat प्लेटफॉर्म मॉलिक्यूलर डायग्नोस्टिक्स टेस्टिंग के लिए इस्तेमाल किया जाता है।
कंपनी के अनुसार Truenat प्लेटफॉर्म करीब 30 बीमारियों की जांच में इस्तेमाल किया जा सकता है। इनमें टीबी, कोविड-19, HIV, HPV और हेपेटाइटिस B एवं C जैसी बीमारियां शामिल हैं।
Truenat एक पॉइंट-ऑफ-केयर PCR प्लेटफॉर्म है। इसकी खासियत इसका अपेक्षाकृत पोर्टेबल और बैटरी से चलने वाला सिस्टम है, जिसकी वजह से इसे ऐसे इलाकों में भी इस्तेमाल किया जा सकता है जहां पारंपरिक लैब इंफ्रास्ट्रक्चर सीमित है।
कंपनी का दावा है कि Truenat प्लेटफॉर्म को 100 से अधिक देशों में पेटेंट संरक्षण प्राप्त है और यह विकेंद्रीकृत तरीके से करीब एक घंटे के भीतर टेस्टिंग में मदद कर सकता है।
भारत में छह मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी
Molbio Diagnostics के भारत में कुल छह मैन्युफैक्चरिंग प्लांट हैं। इनमें दो प्लांट गोवा में, दो बेंगलुरु में और एक-एक प्लांट विशाखापत्तनम और पुणे में स्थित है।
31 मार्च 2026 तक कंपनी की स्थापित क्षमता सालाना करीब 5,400 डिवाइस और 3.9 करोड़ Truenat टेस्ट किट बनाने की थी। इससे कंपनी को अपने डायग्नोस्टिक्स प्लेटफॉर्म की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए मजबूत मैन्युफैक्चरिंग बेस मिलता है।
FY26 में ₹1,445 करोड़ रहा रेवेन्यू
वित्त वर्ष 2026 में Molbio Diagnostics का वित्तीय प्रदर्शन भी मजबूत रहा। कंपनी ने इस दौरान ऑपरेशंस से ₹1,445 करोड़ का राजस्व दर्ज किया, जबकि उसका मुनाफा करीब ₹164 करोड़ रहा।
कंपनी की टेक्नोलॉजी, मैन्युफैक्चरिंग क्षमता और पॉइंट-ऑफ-केयर डायग्नोस्टिक्स पर फोकस IPO के प्रमुख आकर्षण में शामिल हैं। दूसरी ओर, IPO का वैल्यूएशन, हेल्थकेयर डायग्नोस्टिक्स सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और कंपनी के भविष्य के कारोबार से जुड़े जोखिम निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण पहलू रहेंगे।
कौन हैं IPO के बुक-रनिंग लीड मैनेजर?
Molbio Diagnostics IPO के बुक-रनिंग लीड मैनेजर के तौर पर Kotak Mahindra Capital Company, IIFL Capital Services, Jefferies India और Motilal Oswal Investment Advisors काम कर रहे हैं।
अब सभी की नजरें 10 से 12 अगस्त के दौरान IPO की सब्सक्रिप्शन स्थिति पर रहेंगी। एंकर निवेशकों से ₹281.5 करोड़ जुटाने के बाद इश्यू को शुरुआती संस्थागत समर्थन तो मिल गया है, लेकिन आम निवेशकों की प्रतिक्रिया और IPO की लिस्टिंग के बाद बाजार का प्रदर्शन ही इसकी वास्तविक मांग को सामने लाएगा।
Molbio Diagnostics IPO: एक नजर में
| जानकारी | विवरण |
|---|---|
| कंपनी | Molbio Diagnostics Ltd |
| IPO खुलने की तारीख | 10 अगस्त 2026 |
| IPO बंद होने की तारीख | 12 अगस्त 2026 |
| प्राइस बैंड | ₹768–₹807 प्रति शेयर |
| एंकर निवेशकों की संख्या | 33 |
| एंकर से जुटाई रकम | ₹281.5 करोड़ |
| एंकर आवंटन मूल्य | ₹807 प्रति शेयर |
| Fresh Issue | ₹200 करोड़ तक |
| OFS | 91.66 लाख शेयर तक |
| अनुमानित IPO साइज | ₹904–₹940 करोड़ |
| प्रस्तावित लिस्टिंग | 17 अगस्त 2026 |
| एक्सचेंज | BSE और NSE |
निष्कर्ष: Molbio Diagnostics IPO में एंकर निवेशकों के तौर पर BlackRock और Goldman Sachs जैसे वैश्विक नामों के साथ बड़े घरेलू म्यूचुअल फंड्स की भागीदारी ने इश्यू को सुर्खियों में ला दिया है। कंपनी का Truenat प्लेटफॉर्म, मैन्युफैक्चरिंग क्षमता और FY26 का वित्तीय प्रदर्शन इसके प्रमुख पॉजिटिव पहलू हैं। हालांकि, निवेशकों को केवल एंकर बुक देखकर फैसला लेने के बजाय IPO का वैल्यूएशन, कंपनी की वित्तीय स्थिति, सेक्टर की प्रतिस्पर्धा और जोखिमों का स्वतंत्र रूप से आकलन करना चाहिए।
अस्वीकरण: विशेषज्ञों द्वारा दी गई सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं। ये NewsJagran के विचारों का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। शेयर बाजार और IPO में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह लें।


