MobiKwik Q1 Results: प्रीपेड डिजिटल वॉलेट और ऑनलाइन पेमेंट सेवाएं देने वाली फिनटेक कंपनी वन मोबीक्विक सिस्टम्स (One MobiKwik Systems) ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1 FY27) के शानदार नतीजे जारी किए हैं। कंपनी लगातार तीसरी तिमाही मुनाफे में रही है, जबकि ग्रॉस मर्चेंडाइज वैल्यू (GMV) लगातार 14वीं तिमाही रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई। मजबूत वित्तीय प्रदर्शन से उत्साहित निवेशकों ने शेयरों में जमकर खरीदारी की, जिसके चलते कारोबार के दौरान स्टॉक करीब 9% तक उछल गया।
हालांकि ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली देखने को मिली, लेकिन इसके बावजूद शेयर मजबूती के साथ बंद हुआ। बीएसई पर कंपनी का शेयर 4.66% की तेजी के साथ ₹214.55 पर बंद हुआ, जबकि इंट्रा-डे में यह ₹222.95 के स्तर तक पहुंच गया था।
Q1 Results: घाटे से मुनाफे में लौटी कंपनी
मोबीक्विक ने जून 2026 तिमाही में शानदार वित्तीय सुधार दर्ज किया।
- शुद्ध मुनाफा (Net Profit): ₹7.6 करोड़
- पिछले साल समान तिमाही: ₹41 करोड़ का घाटा
- ऑपरेशंस से रेवेन्यू: ₹281 करोड़ (सालाना आधार पर 4% वृद्धि)
- EBITDA: ₹8 करोड़ का मुनाफा
- पिछले वर्ष: ₹42 करोड़ का EBITDA घाटा
यह लगातार तीसरी तिमाही है जब कंपनी ने लाभ दर्ज किया है, जो यह संकेत देता है कि उसका बिजनेस मॉडल अब स्थायी रूप से मुनाफे की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
रिकॉर्ड हाई पर पहुंची GMV
मोबीक्विक का मुख्य पेमेंट बिजनेस इस तिमाही में भी मजबूत बना रहा।
- GMV (Gross Merchandise Value): ₹58.7 हजार करोड़
- सालाना वृद्धि: 50%
- लगातार 14वीं तिमाही रिकॉर्ड GMV
कंपनी के अनुसार, डिजिटल पेमेंट्स में बढ़ती हिस्सेदारी, ज्यादा ट्रांजैक्शन वॉल्यूम और बेहतर यूनिट इकोनॉमिक्स ने इस ग्रोथ में अहम भूमिका निभाई।
लेंडिंग बिजनेस में भी बड़ा सुधार
कंपनी के लेंडिंग कारोबार में भी उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला।
- लेंडिंग ऑपरेशनल खर्च: ₹30 करोड़ से घटकर केवल ₹2 करोड़
- ग्रॉस प्रॉफिट: सालाना आधार पर 5.6% की वृद्धि
- बेहतर क्रेडिट क्वालिटी और रिकवरी से कारोबार की लाभप्रदता मजबूत हुई।
इससे साफ है कि कंपनी ने लागत नियंत्रण और जोखिम प्रबंधन दोनों मोर्चों पर अच्छा प्रदर्शन किया है।
CEO ने क्या कहा?
मोबीक्विक के को-फाउंडर, एमडी और सीईओ बिपिन प्रीत सिंह ने कहा कि ताजा नतीजे यह साबित करते हैं कि कंपनी ग्रोथ में लगातार निवेश करने के बावजूद प्रॉफिटेबिलिटी बनाए रखने में सफल रही है।
उनके मुताबिक,
- पेमेंट बिजनेस ने रिकॉर्ड ट्रांजैक्शन वॉल्यूम हासिल किया।
- बेहतर यूनिट इकोनॉमिक्स से मार्जिन मजबूत हुआ।
- लेंडिंग कारोबार में क्रेडिट क्वालिटी और रिकवरी बेहतर रही।
- कंपनी आगे भी डिजिटल फाइनेंशियल सर्विसेज का विस्तार करने और लॉन्ग-टर्म वैल्यू बनाने पर फोकस करेगी।
शेयर बाजार में कैसी रही MobiKwik की यात्रा?
मोबीक्विक का आईपीओ दिसंबर 2024 में आया था।
- IPO आकार: ₹572 करोड़
- इश्यू प्राइस: ₹279 प्रति शेयर
- लिस्टिंग: 18 दिसंबर 2024
- लिस्टिंग गेन: करीब 58%
लिस्टिंग के कुछ ही दिनों बाद 26 दिसंबर 2024 को शेयर ₹698.30 के ऑल-टाइम हाई पर पहुंच गया था। हालांकि इसके बाद लगातार बिकवाली के चलते शेयर में भारी गिरावट आई।
- रिकॉर्ड हाई: ₹698.30
- रिकॉर्ड लो: ₹151.95 (30 मार्च 2026)
- हाई से गिरावट: लगभग 78.24%
अब कंपनी के लगातार बेहतर नतीजों के बाद निवेशकों की उम्मीदें एक बार फिर बढ़ने लगी हैं।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
मोबीक्विक के ताजा नतीजे यह दिखाते हैं कि कंपनी केवल रेवेन्यू ग्रोथ पर ही नहीं, बल्कि मुनाफे और लागत नियंत्रण पर भी सफलतापूर्वक काम कर रही है। लगातार तीन तिमाहियों का मुनाफा, रिकॉर्ड GMV और मजबूत ऑपरेटिंग प्रदर्शन यह संकेत देते हैं कि कंपनी का बिजनेस मॉडल धीरे-धीरे परिपक्व हो रहा है।
हालांकि फिनटेक सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और रेगुलेटरी बदलाव आगे भी अहम भूमिका निभाएंगे। ऐसे में निवेशकों को कंपनी की आगामी तिमाहियों के प्रदर्शन पर भी नजर बनाए रखनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता।


