Weather Alert: 17 अगस्त को देश के कई हिस्सों में मानसून की सक्रियता तेज रहने वाली है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के 16 अगस्त के ताजा बुलेटिन के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से और पश्चिम बंगाल-उत्तर ओडिशा के तटों के पास कम दबाव का क्षेत्र बना है, जिसके उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। इसके प्रभाव से पूर्वी और मध्य भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।
ओडिशा और पश्चिम बंगाल में बेहद भारी बारिश का खतरा
17 अगस्त को ओडिशा, गांगेय पश्चिम बंगाल और झारखंड में बारिश की गतिविधियां काफी तेज रहने की संभावना है। IMD ने पहले ही 17 अगस्त को ओडिशा और गांगेय पश्चिम बंगाल में कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई थी। नए मौसम सिस्टम के कारण इन क्षेत्रों में जलभराव, निचले इलाकों में पानी भरने और स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसी स्थिति का खतरा बढ़ सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ेगा। इसके कारण ओडिशा और पश्चिम बंगाल के साथ आसपास के इलाकों में मानसूनी गतिविधियां मजबूत रह सकती हैं।
UP, उत्तराखंड और हिमाचल में भी तेज बारिश
उत्तर भारत के कई राज्यों में भी 17 अगस्त को मौसम खराब रहने वाला है। IMD के अनुसार उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। जम्मू-कश्मीर-लद्दाख और हिमाचल प्रदेश में 17 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना भी जताई गई है। उत्तराखंड में भी बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी।
उत्तर प्रदेश में भी 17 अगस्त को बारिश का असर देखने को मिल सकता है। खासकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 16-17 अगस्त के दौरान बारिश की गतिविधियां रहने का अनुमान है। पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश के दौरान भूस्खलन और अचानक नदियों-नालों का जलस्तर बढ़ने जैसी परेशानियां सामने आ सकती हैं।
दिल्ली-NCR में कैसा रहेगा 17 अगस्त का मौसम?

दिल्ली-NCR में भी 17 अगस्त को बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। IMD के ताजा पूर्वानुमान में हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 17-18 अगस्त के दौरान बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना जताई गई है। हालांकि, मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन में दिल्ली के लिए सबसे ज्यादा सक्रिय बारिश का दौर 17-18 अगस्त के आसपास बताया गया है।
इस दौरान दिल्ली-NCR में बादल छाए रहने, बारिश के साथ तेज हवाएं और गरज-चमक होने की स्थिति बन सकती है। बारिश के कारण सड़कों पर जलभराव और ट्रैफिक की परेशानी भी बढ़ सकती है।
इन राज्यों में भी भारी बारिश की संभावना
17 अगस्त को पूर्वी, मध्य और उत्तर-पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बारिश का असर रहेगा। बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, असम-मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा समेत कई राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। IMD ने आने वाले दिनों में उत्तर-पूर्वी राज्यों में भी व्यापक बारिश की संभावना जताई है।
छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और विदर्भ में भी मानसून सक्रिय रहने का अनुमान है। इन इलाकों में भारी बारिश के कारण स्थानीय जलभराव की स्थिति बन सकती है।
40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
बारिश के साथ कई राज्यों में गरज-चमक और तेज हवाओं का असर भी देखने को मिल सकता है। IMD ने अलग-अलग इलाकों में आंधी-तूफान और बिजली चमकने की संभावना जताई है। ऐसे मौसम में खुले स्थानों, पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं से दूरी बनाए रखना जरूरी है।
विशेषकर पूर्वी भारत और समुद्र से सटे इलाकों में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का संयोजन परेशानी बढ़ा सकता है। मौसम विभाग ने समुद्री गतिविधियों के दौरान विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
समुद्र में भी खराब रहेगा मौसम
17 अगस्त को अरब सागर के कुछ हिस्सों में भी तेज हवाओं की स्थिति बन सकती है। सोमालिया और ओमान के तटों के पास तथा पश्चिम-मध्य अरब सागर के कुछ हिस्सों में तेज हवाएं चलने की संभावना है। हवा की गति कई जगहों पर 45-55 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है और झोंकों के साथ यह 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है।
समुद्र में खराब मौसम को देखते हुए मछुआरों और छोटे समुद्री जहाजों को सावधानी बरतने की जरूरत है। ऊंची लहरों और तेज हवाओं के दौरान समुद्र में जाना जोखिम भरा हो सकता है।
17 अगस्त को इन इलाकों पर रहेगी खास नजर
- ओडिशा और गांगेय पश्चिम बंगाल: अत्यधिक भारी बारिश का खतरा
- झारखंड: भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना
- उत्तराखंड: बारिश के साथ पहाड़ी इलाकों में सतर्कता जरूरी
- हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख: कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना
- उत्तर प्रदेश: कई हिस्सों में बारिश का दौर
- दिल्ली-NCR, हरियाणा और पंजाब: 17-18 अगस्त के दौरान बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना
- पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: मानसून सक्रिय रहने का अनुमान
- उत्तर-पूर्वी राज्य: कई इलाकों में व्यापक बारिश की संभावना
लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
भारी बारिश और आंधी-बिजली के दौरान लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचना चाहिए। बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़ और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचें। पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वाले लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखनी चाहिए। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को जलभराव की स्थिति में अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
नोट: मौसम की चेतावनियां लगातार अपडेट होती रहती हैं। इसलिए 17 अगस्त को यात्रा या किसी जरूरी गतिविधि की योजना बनाने से पहले IMD का ताजा स्थानीय पूर्वानुमान जरूर देख लें। IMD के 16 अगस्त के शाम के बुलेटिन में भी 17-18 अगस्त के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत और कई अन्य क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना बताई गई है।


