नई दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की गतिविधियों पर निवेशकों की हमेशा नजर रहती है। अक्सर यह देखने को मिलता है कि जब विदेशी निवेशक किसी सेक्टर या कंपनी में लगातार निवेश बढ़ाते हैं, तो उस स्टॉक में लंबी अवधि में शानदार तेजी देखने को मिलती है। पिछले एक साल के दौरान भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला है। जबकि व्यापक स्तर पर एफआईआई भारतीय बाजार से निकासी करते रहे, वहीं उन्होंने कुछ चुनिंदा शेयरों में लगातार हिस्सेदारी बढ़ाई और इन शेयरों ने निवेशकों को 42% से लेकर 115% तक का दमदार रिटर्न दिया।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि एफआईआई किसी भी कंपनी में निवेश करने से पहले उसके बिजनेस मॉडल, ग्रोथ संभावनाओं, मैनेजमेंट और फाइनेंशियल स्थिति का गहन विश्लेषण करते हैं। ऐसे में उनके निवेश पैटर्न पर नजर रखना निवेशकों के लिए उपयोगी संकेत साबित हो सकता है।
इन 13 शेयरों में बढ़ी FII की हिस्सेदारी, निवेशकों को मिला शानदार रिटर्न
GE Vernova T&D India ने दिया सबसे ज्यादा रिटर्न
पावर ट्रांसमिशन और ग्रिड इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की कंपनी GE Vernova T&D India इस सूची में सबसे ऊपर रही। पिछले एक वर्ष में कंपनी का शेयर करीब 115% उछलकर 2,299 रुपये से बढ़कर 4,937 रुपये पर पहुंच गया। इसी दौरान एफआईआई की हिस्सेदारी 14.49% से बढ़कर 20.39% हो गई।
NALCO में भी दिखा विदेशी निवेशकों का भरोसा
सरकारी कंपनी NALCO ने भी निवेशकों को निराश नहीं किया। पिछले एक साल में शेयर 102% चढ़कर 187 रुपये से 377 रुपये पर पहुंच गया। कंपनी में एफआईआई की हिस्सेदारी जून 2025 के 15.06% से बढ़कर मार्च 2026 में 22.27% हो गई।
Hitachi Energy India ने भी किया मालामाल
ऊर्जा उपकरण क्षेत्र की दिग्गज कंपनी Hitachi Energy India के शेयरों ने भी एक साल में 102% का रिटर्न दिया। शेयर 17,039 रुपये से बढ़कर 34,337 रुपये तक पहुंच गया। एफआईआई हिस्सेदारी इसी अवधि में 7.19% से बढ़कर 11.68% हो गई।
Apar Industries में लगातार बढ़ी खरीदारी
Apar Industries के शेयरों में एक साल में 91% की तेजी दर्ज की गई। शेयर 7,983 रुपये से बढ़कर 15,238 रुपये पर पहुंच गया। कंपनी में विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 9.06% से बढ़कर 9.38% हो गई।
Cummins India ने दिया 69% रिटर्न
इंजन और पावर सॉल्यूशन बनाने वाली Cummins India का शेयर पिछले एक साल में 69% चढ़ा। इस दौरान शेयर का भाव 3,322 रुपये से बढ़कर 5,623 रुपये तक पहुंच गया। एफआईआई हिस्सेदारी 17.50% से बढ़कर 20.77% हो गई।
Bank of Maharashtra में भी बढ़ा विदेशी निवेश
सार्वजनिक क्षेत्र के Bank of Maharashtra के शेयरों में पिछले एक साल में 61% की तेजी आई। शेयर 54 रुपये से बढ़कर 87 रुपये तक पहुंच गया। एफआईआई हिस्सेदारी 1.89% से बढ़कर 5.55% हो गई।
Navin Fluorine International में भी शानदार तेजी
स्पेशलिटी केमिकल्स कंपनी Navin Fluorine International का शेयर एक साल में 61% मजबूत हुआ। कंपनी में विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 21.55% से बढ़कर 23.78% हो गई।
Polycab India
केबल और वायर सेक्टर की प्रमुख कंपनी Polycab India का शेयर पिछले एक साल में 58% मजबूत हुआ। इस दौरान एफआईआई हिस्सेदारी 13.96% से बढ़कर 18.21% हो गई।
Hindalco Industries
मेटल सेक्टर की दिग्गज कंपनी Hindalco Industries ने निवेशकों को 57% का रिटर्न दिया। विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 27.60% से बढ़कर 29.96% तक पहुंच गई।
L&T Finance
वित्तीय सेवाओं से जुड़ी L&T Finance के शेयरों में एक साल के दौरान 47% की तेजी दर्ज की गई। कंपनी में एफआईआई हिस्सेदारी 6.19% से बढ़कर 7.63% हो गई।
Himadri Speciality Chemical
स्पेशलिटी केमिकल्स क्षेत्र की कंपनी Himadri Speciality Chemical का शेयर एक साल में 43% उछला। विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 5.74% से बढ़कर 5.98% हो गई।
The Great Eastern Shipping Company
शिपिंग सेक्टर की प्रमुख कंपनी The Great Eastern Shipping Company के शेयरों में भी 43% की तेजी दर्ज की गई। एफआईआई हिस्सेदारी 24.63% से बढ़कर 28.44% तक पहुंच गई।
SAIL
स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के शेयरों में भी 42% की मजबूती देखने को मिली। विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 3.65% से बढ़कर 5.01% हो गई।
FII की खरीदारी क्यों मानी जाती है अहम?
विदेशी संस्थागत निवेशक दुनिया भर के बड़े फंड, पेंशन फंड, इंश्योरेंस कंपनियां और एसेट मैनेजमेंट कंपनियां होती हैं। इनके पास रिसर्च और डेटा एनालिसिस की मजबूत टीम होती है। यही कारण है कि जब किसी शेयर में एफआईआई की हिस्सेदारी लगातार बढ़ती है, तो बाजार इसे कंपनी के प्रति सकारात्मक संकेत के रूप में देखता है।
हालांकि केवल एफआईआई निवेश को देखकर किसी शेयर में निवेश का फैसला नहीं करना चाहिए। कंपनी की कमाई, वैल्यूएशन, सेक्टर आउटलुक और बाजार की स्थिति जैसे अन्य पहलुओं का विश्लेषण भी जरूरी होता है।
निवेशकों के लिए क्या है सीख?
इन 13 शेयरों का प्रदर्शन यह दिखाता है कि जिन कंपनियों में विदेशी निवेशकों ने लगातार भरोसा जताया, उनमें से अधिकांश ने निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया। हालांकि हर बार ऐसा होना जरूरी नहीं है, लेकिन एफआईआई होल्डिंग में लगातार बढ़ोतरी किसी कंपनी की मजबूत संभावनाओं का संकेत जरूर हो सकती है। इसलिए निवेशक तिमाही शेयरहोल्डिंग पैटर्न पर नजर रखकर संभावित अवसरों की पहचान कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।


