Ethanol Stocks: भारत सरकार की इथेनॉल ब्लेंडिंग नीति और ग्रीन एनर्जी पर बढ़ते फोकस का फायदा शुगर सेक्टर की कंपनियों को मिल रहा है। पिछले एक साल में कई शुगर शेयरों ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है। इनमें सबसे आगे सिर्फ ₹62 के आसपास ट्रेड करने वाला SBEC Sugar रहा, जिसने करीब 36% का रिटर्न देकर निवेशकों का ध्यान खींचा।
इथेनॉल मिशन से शुगर कंपनियों को मिला बड़ा फायदा
नई दिल्ली। भारत सरकार पेट्रोल में इथेनॉल की हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए लगातार कदम उठा रही है। Ethanol Blending Programme (EBP) के तहत देश में इथेनॉल उत्पादन क्षमता बढ़ाई जा रही है, जिससे शुगर मिलों के लिए आय के नए स्रोत खुल रहे हैं। पहले जहां चीनी कंपनियां केवल चीनी बिक्री पर निर्भर थीं, वहीं अब इथेनॉल और बिजली उत्पादन से भी अच्छी कमाई कर रही हैं।
इसी वजह से पिछले एक साल में कई शुगर कंपनियों के शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली है। हालांकि हाल के कुछ हफ्तों में मुनाफावसूली के चलते कई शेयरों में गिरावट भी आई है, लेकिन एक साल का प्रदर्शन अब भी मजबूत बना हुआ है।
₹62 वाला SBEC Sugar बना सबसे बड़ा विजेता
इस सूची में SBEC Sugar Ltd सबसे आगे रहा। करीब ₹62.55 पर कारोबार कर रहे इस शेयर ने पिछले एक साल में 35.86% का शानदार रिटर्न दिया है।
SBEC Sugar की स्थापना 1998 में हुई थी और इसे मोदी ग्रुप तथा यूके की SBEC Systems ने प्रमोट किया था। कंपनी चीनी उत्पादन के साथ अपने कारोबार का विस्तार भी कर रही है, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा है।
Mawana Sugars ने भी दिया दोहरे अंक का रिटर्न
दूसरे स्थान पर Mawana Sugars Ltd रही। कंपनी का शेयर करीब ₹110.11 पर ट्रेड कर रहा है और पिछले एक साल में इसने 13.11% का रिटर्न दिया है।
उत्तर प्रदेश में स्थित कंपनी के इंटीग्रेटेड शुगर कॉम्प्लेक्स में 120 KLPD इथेनॉल उत्पादन क्षमता और 53.5 मेगावाट बिजली उत्पादन की सुविधा है। यही वजह है कि इथेनॉल कारोबार से कंपनी को अतिरिक्त आय मिल रही है।
Avadh Sugar का कारोबार सिर्फ चीनी तक सीमित नहीं
Avadh Sugar & Energy Ltd भी निवेशकों की पसंदीदा कंपनियों में शामिल रही। करीब ₹525.35 पर ट्रेड कर रहे इस शेयर ने पिछले एक साल में सकारात्मक प्रदर्शन किया है।
कंपनी केवल चीनी ही नहीं बल्कि इथेनॉल, स्पिरिट, बैगास आधारित पावर और सैनिटाइजर का भी उत्पादन करती है। कारोबार का विविधीकरण इसे अन्य कंपनियों की तुलना में मजबूत बनाता है।
Dhampur Bio Organics और Ponni Sugars भी सूची में शामिल
Dhampur Bio Organics Ltd ने पिछले एक साल में 11.88% का रिटर्न दिया है। वहीं Ponni Sugars (Erode) Ltd ने भी 4.15% का सकारात्मक रिटर्न देकर निवेशकों को निराश नहीं किया।
हालांकि पिछले एक महीने और एक सप्ताह के दौरान इन शेयरों में मुनाफावसूली देखने को मिली, लेकिन दीर्घकालिक प्रदर्शन अभी भी सकारात्मक बना हुआ है।
पिछले एक साल में इन 5 शुगर शेयरों का प्रदर्शन
| कंपनी | मार्केट कैप (₹ करोड़) | शेयर प्राइस (₹) | 1 साल का रिटर्न | 1 महीने का रिटर्न | 1 हफ्ते का रिटर्न |
|---|---|---|---|---|---|
| SBEC Sugar Ltd | 298.08 | 62.55 | 35.86% | -9.40% | -3.46% |
| Mawana Sugars Ltd | 430.72 | 110.11 | 13.11% | -3.67% | -2.02% |
| Avadh Sugar & Energy Ltd | 1051.67 | 525.35 | 12.06% | 6.72% | -1.80% |
| Dhampur Bio Organics Ltd | 670.84 | 102.09 | 11.88% | -8.77% | -4.68% |
| Ponni Sugars (Erode) Ltd | 271.71 | 316.00 | 4.15% | -1.27% | -4.80% |
आगे क्या है निवेशकों के लिए संकेत?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि भारत सरकार इथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम को तय लक्ष्य के अनुसार आगे बढ़ाती है और चीनी मिलों को पर्याप्त समर्थन मिलता है, तो इथेनॉल उत्पादन करने वाली कंपनियों के लिए लंबी अवधि में अवसर बने रह सकते हैं। हालांकि शुगर सेक्टर पर चीनी उत्पादन, मानसून, गन्ने की उपलब्धता, सरकारी नीतियों और कमोडिटी कीमतों का भी बड़ा असर पड़ता है। इसलिए निवेशकों को केवल एक साल के रिटर्न के आधार पर फैसला लेने के बजाय कंपनी की वित्तीय स्थिति, कर्ज, क्षमता विस्तार और वैल्यूएशन का भी मूल्यांकन करना चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। इसमें दी गई जानकारी निवेश की सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या SEBI-पंजीकृत निवेश सलाहकार से परामर्श अवश्य लें।


