EPFO e-Nomination: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के सदस्यों के लिए ई-नॉमिनेशन बेहद जरूरी है। अगर आपने अपने PF खाते में नॉमिनी का नाम जोड़ा है, लेकिन ई-साइन की प्रक्रिया पूरी नहीं की है, तो आपका ई-नॉमिनेशन पूरा नहीं माना जाएगा। ऐसे में EPFO से जुड़ी सुविधाओं और भविष्य में क्लेम की प्रक्रिया में परेशानी आ सकती है। अच्छी बात यह है कि ई-नॉमिनेशन और ई-साइन की प्रक्रिया घर बैठे ऑनलाइन पूरी की जा सकती है।
ई-नॉमिनेशन के बाद e-Sign करना जरूरी
कहीं आपने भी तो नहीं कर दी ये बड़ी गलती? 👀
ई-नॉमिनेशन, ई-साइन के बिना मान्य नहीं है। आज ही अपना ई-नॉमिनेशन ई-साइन के साथ पूरा करें। #EPFO #EPFOWithYou #HumHainNa #enomination@narendramodi@mansukhmandviya@ShobhaBJP@PMOIndia@LabourMinistry@PIB_India@mygovindia pic.twitter.com/wdU9P4Wc8w
— EPFO (@officialepfo) August 16, 2026 EPFO सदस्य अपने PF खाते में नॉमिनी को ऑनलाइन जोड़ या बदल सकते हैं। इसके लिए सदस्य को UAN की मदद से EPFO पोर्टल पर लॉगिन करना होता है।
लेकिन सिर्फ नॉमिनी की जानकारी भरकर उसे सेव कर देना पर्याप्त नहीं है। ई-नॉमिनेशन को पूरा करने के लिए e-Sign की प्रक्रिया पूरी करनी होती है। e-Sign के दौरान आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर OTP भेजा जाता है। OTP का सत्यापन होने के बाद ई-नॉमिनेशन प्रक्रिया पूरी होती है।
अगर आपने नॉमिनी की जानकारी अपडेट की है और e-Sign नहीं किया है, तो एक बार अपने EPFO खाते में जाकर स्टेटस जरूर चेक कर लें।
EPFO में ऑनलाइन e-Nomination कैसे करें?
ई-नॉमिनेशन की प्रक्रिया काफी आसान है। इसके लिए आपको नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करना होगा:
स्टेप 1: सबसे पहले EPFO की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
स्टेप 2: वेबसाइट पर Services सेक्शन में जाकर For Employees विकल्प चुनें।
स्टेप 3: इसके बाद Member UAN/Online Service पर क्लिक करें।
स्टेप 4: अब अपना UAN, पासवर्ड और कैप्चा डालकर EPFO खाते में लॉगिन करें।
स्टेप 5: लॉगिन करने के बाद ऊपर दिए गए Manage टैब पर क्लिक करें।
स्टेप 6: यहां आपको E-Nomination का विकल्प दिखाई देगा। इस पर क्लिक करें।
स्टेप 7: स्क्रीन पर मांगी गई प्रोफाइल से जुड़ी जानकारी को जांचें और जरूरी विवरण सेव करें।
स्टेप 8: इसके बाद Family Declaration से संबंधित विकल्प आएगा। अगर आपके परिवार की जानकारी लागू होती है, तो संबंधित विकल्प का चयन करें।
स्टेप 9: अब आप अपने नॉमिनी की जानकारी दर्ज कर सकते हैं। इसमें नॉमिनी का नाम, जन्म तिथि, पता और अन्य जरूरी विवरण मांगे जा सकते हैं।
EPFO में एक से अधिक नॉमिनी भी जोड़े जा सकते हैं। यदि एक से ज्यादा नॉमिनी हैं तो उनके बीच नॉमिनेशन का हिस्सा भी निर्धारित किया जा सकता है।
स्टेप 10: नॉमिनी की जानकारी भरने के बाद Save EPF Nomination पर क्लिक करें।
स्टेप 11: इसके बाद e-Sign के विकल्प पर क्लिक करें।
स्टेप 12: अब आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर OTP भेजा जाएगा। ध्यान रखें कि आपके आधार में मोबाइल नंबर अपडेट होना जरूरी है।
स्टेप 13: प्राप्त OTP को दर्ज करके सत्यापन पूरा करें। OTP सफलतापूर्वक वेरिफाई होने के बाद e-Sign की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
e-Sign नहीं किया तो क्या होगा?
अगर आपने नॉमिनी की जानकारी दर्ज कर दी है लेकिन e-Sign नहीं किया, तो आपको प्रक्रिया अधूरी रह जाने की स्थिति को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। केवल जानकारी सेव कर देने और e-Sign के जरिए उसे सत्यापित करने में अंतर है।
इसलिए ई-नॉमिनेशन करने के बाद यह जरूर सुनिश्चित करें कि e-Sign की प्रक्रिया भी सफलतापूर्वक पूरी हो गई है।
नॉमिनी अपडेट रखना क्यों जरूरी है?
EPFO खाते में नॉमिनी की सही जानकारी रखना काफी महत्वपूर्ण है। परिवार की स्थिति बदलने, शादी होने या अन्य परिस्थितियों में नॉमिनी की जानकारी बदलने की जरूरत पड़ सकती है।
सही नॉमिनी दर्ज होने से सदस्य की मृत्यु जैसी दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति में PF, पेंशन और इंश्योरेंस से जुड़े लाभों के दावे की प्रक्रिया में परिवार को मदद मिल सकती है।
इसलिए अगर आपने लंबे समय से अपने EPFO खाते में नॉमिनी की जानकारी अपडेट नहीं की है, तो UAN पोर्टल पर जाकर विवरण की जांच करना बेहतर है। साथ ही, नया नॉमिनेशन करने के बाद e-Sign जरूर पूरा करें, ताकि प्रक्रिया अधूरी न रह जाए।


