Commonwealth Games 2026 में भारतीय महिला बॉक्सर्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 5 गोल्ड मेडल जीते। जानिए जैस्मिन लैम्बोरिया, प्रीति पवार, साक्षी चौधरी, प्रिया घनघस और अरुंधति चौधरी की जीत के साथ भारत के कुल मेडल और पदक तालिका का हाल।
CWG 2026: भारतीय बॉक्सर्स का धमाका, एक दिन में 5 गोल्ड मेडल जीतकर रचा इतिहास, भारत के कुल 33 पदक
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 (CWG 2026) में भारतीय मुक्केबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए देश का नाम रोशन कर दिया है। खासकर भारतीय महिला बॉक्सर्स ने फाइनल मुकाबलों में दमदार खेल दिखाते हुए एक ही दिन में पांच स्वर्ण पदक अपने नाम किए। जैस्मिन लैम्बोरिया, प्रीति पवार, साक्षी चौधरी, प्रिया घनघस और अरुंधति चौधरी ने अपने-अपने भार वर्ग में गोल्ड जीतकर भारत की पदक संख्या में बड़ा इजाफा किया।
वहीं पुरुष वर्ग में जदुमणि सिंह ने भी शानदार प्रदर्शन किया, लेकिन फाइनल मुकाबले में हारने के कारण उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। इन उपलब्धियों के साथ भारत ने अब तक कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में कुल 33 पदक जीत लिए हैं।
भारतीय महिला बॉक्सर्स ने जीते 5 गोल्ड
भारत के लिए दिन की शुरुआत महिलाओं के 54 किलोग्राम वर्ग से हुई, जहां प्रीति पवार ने कनाडा की स्कारलेट डेलगाडो को हराकर स्वर्ण पदक जीता।
इसके बाद मौजूदा विश्व चैंपियन जैस्मिन लैम्बोरिया ने 57 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में उत्तरी आयरलैंड की माइकेला वॉल्श को मात देकर भारत के लिए दूसरा गोल्ड अपने नाम किया।
महिलाओं के 51 किलोग्राम वर्ग में साक्षी चौधरी ने इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को एकतरफा मुकाबले में हराकर तीसरा स्वर्ण पदक दिलाया।
इसके बाद 60 किलोग्राम वर्ग में प्रिया घनघस ने कनाडा की मैरी अल-अहमदीह को हराकर गोल्ड जीता।
दिन का पांचवां स्वर्ण अरुंधति चौधरी ने महिलाओं के 70 किलोग्राम वर्ग में इंग्लैंड की चैंटेल रीड को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराकर भारत की झोली में डाला।
अरुंधति चौधरी ने 5-0 से जीता फाइनल
महिलाओं के 70 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में अरुंधति चौधरी ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया। उन्होंने इंग्लैंड की चैंटेल रीड को पूरे मुकाबले में वापसी का कोई मौका नहीं दिया। निर्णायकों ने सर्वसम्मति से 5-0 का फैसला अरुंधति के पक्ष में सुनाया और वह कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की चैंपियन बन गईं।
प्रिया घनघस का शानदार प्रदर्शन
महिलाओं के 60 किलोग्राम वर्ग में प्रिया घनघस ने कनाडा की मैरी अल-अहमदीह के खिलाफ धैर्य और तकनीक का बेहतरीन प्रदर्शन किया। कड़े मुकाबले में उन्होंने जीत दर्ज कर भारत के लिए एक और स्वर्ण पदक सुनिश्चित किया।
साक्षी चौधरी ने इंग्लैंड की चुनौती की खत्म
51 किलोग्राम वर्ग में युवा मुक्केबाज साक्षी चौधरी पूरे टूर्नामेंट में शानदार लय में नजर आईं। फाइनल में उन्होंने इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को हराकर न सिर्फ गोल्ड जीता बल्कि उनके लगातार जीत के सिलसिले पर भी विराम लगा दिया।
प्रीति पवार और जैस्मिन लैम्बोरिया ने दिलाई शानदार शुरुआत
भारतीय महिला बॉक्सिंग टीम को शुरुआती सफलता प्रीति पवार ने दिलाई। उन्होंने कनाडा की स्कारलेट डेलगाडो को हराकर पहला गोल्ड जीता।
इसके बाद विश्व चैंपियन जैस्मिन लैम्बोरिया ने 57 किलोग्राम वर्ग के फाइनल में माइकेला वॉल्श को मात देकर भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या बढ़ा दी।
जदुमणि सिंह को मिला सिल्वर
पुरुष वर्ग के फाइनल में भारत के जदुमणि सिंह का मुकाबला ऑस्ट्रेलिया के जे डिक्सन से हुआ। मुकाबला रोमांचक रहा, लेकिन अंत में जदुमणि जीत दर्ज नहीं कर सके। उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। हालांकि उनका प्रदर्शन पूरे टूर्नामेंट में सराहनीय रहा।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का पदक प्रदर्शन
भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। अब तक भारत के खाते में कुल 33 पदक आ चुके हैं।
- गोल्ड: 10
- सिल्वर: 15
- ब्रॉन्ज: 8
- कुल पदक: 33
इन शानदार नतीजों के साथ भारत पदक तालिका में पांचवें स्थान पर बना हुआ है। वहीं ऑस्ट्रेलिया 142 पदकों (59 गोल्ड, 34 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज) के साथ शीर्ष स्थान पर कायम है।
भारत के लिए बॉक्सिंग बनी सबसे बड़ी ताकत
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय बॉक्सिंग टीम ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार मजबूत होती जा रही है। महिला मुक्केबाजों के दमदार प्रदर्शन ने भारत के पदक अभियान को नई ऊंचाई दी है। आने वाले मुकाबलों में भी भारतीय खिलाड़ियों से पदकों की उम्मीद बनी हुई है।


