Weather Update for September 1: देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 1 सितंबर के लिए कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, ओडिशा समेत कई राज्यों में बारिश के साथ गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। वहीं दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भी मौसम खराब रहने की संभावना है।
1 सितंबर को कहां होगी सबसे ज्यादा बारिश?

IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, 1 सितंबर को मध्य, उत्तर, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश के साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने की घटनाएं भी हो सकती हैं।
मौसम विभाग ने लोगों को स्थानीय मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर रखने और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।
छत्तीसगढ़ में मूसलाधार बारिश का अलर्ट
1 सितंबर को छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर तेज गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा।
बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है। लोगों को बारिश के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी जाती है।
यूपी, बिहार, झारखंड और मध्य प्रदेश में भारी बारिश
उत्तर भारत और मध्य भारत के कई राज्यों में भी 1 सितंबर को मौसम खराब रह सकता है। पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पूर्वी मध्य प्रदेश और ओडिशा में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है।
वहीं पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है।
इन क्षेत्रों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
दिल्ली में कैसा रहेगा 1 सितंबर का मौसम?
राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में भी मानसून का असर बना रहेगा। IMD ने दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब और उत्तर प्रदेश में 1 सितंबर को गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई है।
दिल्ली-NCR में मौसम बदलने के साथ कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। बारिश के दौरान विजिबिलिटी कम होने और सड़कों पर जलभराव जैसी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
उत्तराखंड और हिमाचल में भी बारिश का अलर्ट
पहाड़ी राज्यों में बारिश को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।
इसके अलावा हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के अलग-अलग इलाकों में भारी बारिश हो सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन और अचानक बाढ़ जैसी स्थानीय घटनाओं का खतरा बढ़ सकता है।
यात्रियों को मौसम और सड़क की स्थिति की जानकारी लेने के बाद ही पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने की सलाह दी जाती है।
पूर्वोत्तर भारत में भी जमकर बरसेंगे बादल
पूर्वोत्तर राज्यों में 1 सितंबर को मानसून की सक्रियता बनी रहने की संभावना है। नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है।
वहीं असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में भी भारी बारिश का अनुमान है। लगातार बारिश वाले इलाकों में स्थानीय प्रशासन की चेतावनियों का पालन करना जरूरी होगा।
दक्षिण भारत में भी तेज हवाओं के साथ बारिश
दक्षिण भारत के कई हिस्सों में भी मौसम सक्रिय रहेगा। तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, तेलंगाना और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश की स्थिति बन सकती है।
इन क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी मौसम खराब रहने का अनुमान है।
समुद्र में भी तेज हवाओं की चेतावनी
मौसम विभाग ने समुद्री इलाकों के लिए भी सावधानी बरतने की चेतावनी दी है। 1 सितंबर को अरब सागर में सोमालिया और ओमान के तटों के आसपास तथा पश्चिम-मध्य और उत्तर-पूर्वी अरब सागर के कुछ हिस्सों में तेज हवाएं चल सकती हैं।
इन क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है और झोंकों के दौरान यह करीब 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है।
ऐसे मौसम में मछुआरों और समुद्र में जाने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
1 सितंबर को इन राज्यों में बारिश का अलर्ट
| राज्य/क्षेत्र | संभावित मौसम |
|---|---|
| छत्तीसगढ़ | भारी से बहुत भारी बारिश, गरज-चमक |
| पूर्वी उत्तर प्रदेश | भारी से बहुत भारी बारिश |
| पश्चिमी उत्तर प्रदेश | भारी बारिश |
| बिहार | भारी से बहुत भारी बारिश, बिजली |
| झारखंड | भारी से बहुत भारी बारिश |
| पूर्वी मध्य प्रदेश | भारी से बहुत भारी बारिश |
| ओडिशा | भारी से बहुत भारी बारिश |
| उत्तराखंड | भारी से बहुत भारी बारिश |
| हिमाचल प्रदेश | भारी बारिश |
| जम्मू-कश्मीर-लद्दाख | भारी बारिश |
| नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा | बहुत भारी बारिश |
| असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश | भारी बारिश |
| दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब | गरज-चमक और बिजली |
| तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना | तेज हवाएं, गरज-चमक |
| तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल | तेज हवाएं और गरज-चमक |
बारिश के दौरान इन बातों का रखें ध्यान
भारी बारिश और आकाशीय बिजली के दौरान लोगों को खुले मैदान, पेड़ और बिजली के खंभों से दूर रहना चाहिए। पहाड़ी इलाकों में रहने या यात्रा करने वाले लोगों को भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है। किसी भी यात्रा या अन्य गतिविधि की योजना बनाने से पहले IMD और स्थानीय प्रशासन की ताजा चेतावनी जरूर देखें।


