मानसून में बढ़ी हुई नमी का असर घर के बाथरूम पर सबसे ज्यादा दिखाई देता है। लगातार पानी और सीलन के कारण टाइल्स के कोनों, ग्राउट और शॉवर के आसपास फफूंदी जमने लगती है। इसके अलावा साबुन की परत, पानी के सफेद दाग और नालियों से आने वाली बदबू बाथरूम को गंदा और अनफ्रेश बना सकती है।
कई बार रोजाना सफाई करने के बावजूद बाथरूम से बदबू दूर नहीं होती। इसकी बड़ी वजह यह है कि नमी और गंदगी अक्सर उन जगहों पर जमा रहती है, जहां सामान्य सफाई के दौरान ध्यान नहीं जाता। इसलिए मानसून में केवल फर्श धोना काफी नहीं है, बल्कि बाथरूम की डीप क्लीनिंग और सही वेंटिलेशन पर भी ध्यान देना जरूरी है।
अगर बारिश के मौसम में आपके बाथरूम में भी सीलन, फफूंदी और बदबू की समस्या बढ़ गई है, तो ये आसान टिप्स आपके काम आ सकते हैं।
1. टाइल्स और ग्राउट की अच्छी तरह सफाई करें

मानसून में टाइल्स के बीच की ग्राउट लाइनों में नमी, साबुन की परत और गंदगी जल्दी जमा हो जाती है। यही जगह बाद में फफूंदी और बदबू की वजह बन सकती है।
सफाई के लिए किसी उपयुक्त बाथरूम क्लीनर और पुराने या सॉफ्ट ब्रश का इस्तेमाल करें। ग्राउट लाइनों और टाइल्स के कोनों को अच्छी तरह साफ करें। इसके बाद साफ पानी से सतह को धोकर सूखे कपड़े या वाइपर की मदद से पानी हटा दें।
सबसे जरूरी बात यह है कि सफाई के बाद बाथरूम को गीला न छोड़ें। जितना कम समय सतहें गीली रहेंगी, उतना ही नमी और फफूंदी का खतरा कम होगा।
2. फफूंदी को नजरअंदाज न करें
शॉवर के आसपास, टाइल्स की ग्राउट लाइन, नल के पीछे और ऐसे कोनों में जहां पानी लंबे समय तक जमा रहता है, फफूंदी तेजी से बढ़ सकती है। शुरुआत में छोटे काले या हरे निशान दिखाई दे सकते हैं, लेकिन इन्हें नजरअंदाज करने पर समस्या बढ़ सकती है।
फफूंदी वाले हिस्से को उपयुक्त क्लीनर से साफ करें और सफाई के बाद उस जगह को पूरी तरह सूखने दें। फफूंदी को केवल किसी चीज से ढकना समाधान नहीं है। पहले उसकी सफाई और नमी के स्रोत को नियंत्रित करना जरूरी है।
अगर फफूंदी बहुत ज्यादा फैल गई है या बार-बार लौट रही है, तो पेशेवर सफाई की मदद लेना बेहतर हो सकता है।
3. बदबू की असली वजह खोजें
बाथरूम में बदबू आने पर केवल रूम फ्रेशनर का इस्तेमाल करना समस्या का स्थायी समाधान नहीं है। सबसे पहले यह पता लगाएं कि बदबू कहां से आ रही है।
नाली, सिंक, टॉयलेट के आसपास, गीले कोनों और सिंक के नीचे की जगह को अच्छी तरह जांचें। कहीं पानी जमा तो नहीं हो रहा या किसी पाइप से लीकेज तो नहीं है, यह भी देखना जरूरी है।
अगर बदबू नाली से आ रही है तो नाली और उसके आसपास की सफाई करें। वहीं, अगर किसी पाइप या फिटिंग से लगातार पानी रिस रहा है तो उसे ठीक करवाएं। गीली सतहों को नियमित रूप से पोंछकर सूखा रखना भी बेहद जरूरी है।
4. बाथरूम में वेंटिलेशन बढ़ाएं
मानसून में बाथरूम को सूखा रखने के लिए हवा का सही तरीके से आना-जाना बहुत जरूरी है। नहाने के दौरान और उसके बाद कुछ समय तक एग्जॉस्ट फैन चलाएं, ताकि अंदर की नमी बाहर निकल सके।
अगर बाथरूम में खिड़की है और बाहर का मौसम अनुकूल है, तो उसे कुछ देर के लिए खोल दें। इससे अंदर जमा नमी कम करने में मदद मिल सकती है।
जिन घरों में नमी का स्तर बहुत ज्यादा रहता है, वहां डीह्यूमिडिफायर भी उपयोगी हो सकता है। हालांकि, उपकरण का इस्तेमाल करते समय निर्माता के निर्देशों का पालन जरूर करें।
5. मैट, पर्दे और तौलियों को रखें सूखा
बाथरूम की सफाई करते समय बाथ मैट, शावर कर्टेन और तौलियों को भूलना नहीं चाहिए। ये चीजें पानी सोखती हैं और लंबे समय तक गीली रहने पर इनमें सीलन की बदबू आने लगती है।
बाथ मैट और शावर कर्टेन को नियमित अंतराल पर धोएं और अच्छी तरह सुखाएं। गीले तौलिये को बाथरूम के अंदर ही किसी बंद जगह पर रखने के बजाय ऐसी जगह फैलाकर रखें, जहां हवा आसानी से पहुंच सके।
अगर मैट लंबे समय तक गीला रहता है तो उसके नीचे भी नमी जमा हो सकती है। इसलिए समय-समय पर मैट हटाकर फर्श को भी साफ और सूखा करें।
रोजाना की छोटी आदतें रखेंगी बाथरूम फ्रेश
डीप क्लीनिंग के अलावा कुछ छोटी आदतों को रोजाना की दिनचर्या में शामिल करने से बाथरूम को लंबे समय तक साफ रखा जा सकता है।
- नहाने के बाद फर्श से अतिरिक्त पानी हटा दें।
- गीले तौलिये को तुरंत सुखाने के लिए फैलाएं।
- बाथरूम की खिड़की या एग्जॉस्ट फैन का इस्तेमाल करें।
- नाली और उसके आसपास गंदगी जमा न होने दें।
- साबुन और शैंपू की बोतलों के नीचे जमा पानी समय-समय पर साफ करें।
- बाथरूम में बेकार सामान जमा न होने दें।
फाइनल टच से बाथरूम दिखेगा साफ और फ्रेश
डीप क्लीनिंग के बाद बाथरूम को व्यवस्थित रखना भी उतना ही जरूरी है। शीशे को साफ करें, काउंटर से अनावश्यक सामान हटाएं और टॉयलेटरीज को व्यवस्थित तरीके से रखें।
साफ और सूखे तौलिये इस्तेमाल करें और बाथरूम में जरूरत से ज्यादा नमी जमा न होने दें। चाहें तो हल्की खुशबू के लिए उपयुक्त एयर फ्रेशनर का इस्तेमाल कर सकते हैं, लेकिन याद रखें कि खुशबू केवल बदबू को ढकती है; असली समस्या का समाधान सफाई, सूखापन और बेहतर वेंटिलेशन से ही होगा।
मानसून में बाथरूम की सफाई के लिए सबसे जरूरी बात है नमी को नियंत्रित रखना। टाइल्स और ग्राउट की नियमित सफाई, फफूंदी पर समय रहते ध्यान, नालियों की सफाई, पर्याप्त वेंटिलेशन और गीली चीजों को तुरंत सुखाने की आदत से बाथरूम को काफी हद तक बदबू और सीलन से मुक्त रखा जा सकता है।


