नई दिल्ली: अगर आप रोजाना पैकेज्ड या बोतलबंद पानी खरीदकर पीते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने के बाद त्रिपुरा की प्रसिद्ध पैकेज्ड वाटर निर्माता मैत्री ड्रिंकिंग वाटर (Matri Drinking Water) का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निरीक्षण के दौरान कंपनी के प्लांट में जंग लगे RO टैंक, जंग लगे केमिकल डोजिंग कंटेनर, गंदगी और पानी की प्रोसेसिंग में गंभीर लापरवाही सामने आई, जिसके बाद यह सख्त कार्रवाई की गई।
Highlights
- FSSAI ने मैत्री ड्रिंकिंग वाटर का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित किया।
- पैकेज्ड पानी में बाहरी पदार्थ मिलने की शिकायत के बाद हुई जांच।
- जंग लगे RO टैंक, अस्वच्छ मशीनें और गंदगी के बीच पानी का उत्पादन मिला।
- मोहाली की नोबल हेल्थकेयर के एक हेल्थ सप्लीमेंट बैच पर भी लगी रोक।
- कंपनियों को “100% Pure” और “100% Natural” जैसे दावों से बचने का निर्देश।
किस कंपनी का लाइसेंस हुआ सस्पेंड?
FSSAI has suspended license of M/S Matri Drinking Water, Tripura & has issued prohibition order to M/S Noble Healthcare, Punjab for serious food safety violations.
FSSAI continues to maintain strict enforcement across food sectors to protect consumer health.#FSSAINotice pic.twitter.com/bgoVH0xIEY
— FSSAI (@fssaiindia) August 3, 2026 FSSAI ने त्रिपुरा की मैत्री ड्रिंकिंग वाटर कंपनी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसका लाइसेंस निलंबित कर दिया है। यह कदम पैकेज्ड पीने के पानी की गुणवत्ता को लेकर मिली शिकायतों और निरीक्षण में सामने आई गंभीर अनियमितताओं के बाद उठाया गया।
इसके साथ ही नियामक ने पंजाब के मोहाली स्थित नोबल हेल्थकेयर (Noble Healthcare) के एक हेल्थ सप्लीमेंट बैच की बिक्री पर भी रोक लगा दी है। इससे साफ है कि FSSAI खाद्य एवं पेय पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर लगातार सख्त रुख अपनाए हुए है।
निरीक्षण में क्या-क्या खामियां मिलीं?
FSSAI के अधिकारियों द्वारा किए गए निरीक्षण में कई गंभीर कमियां सामने आईं। रिपोर्ट के अनुसार:
- पैकेज्ड पानी में बाहरी पदार्थ मिलने की शिकायत सही पाई गई।
- खाद्य उत्पादों को ऐसे सामान के साथ जमीन पर रखा गया था, जो खाने योग्य नहीं थे।
- उत्पादन इकाई में साफ-सफाई के मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था।
- जंग लगे केमिकल डोजिंग कंटेनर का उपयोग किया जा रहा था।
- जंग लगे RO टैंक से पानी की प्रोसेसिंग की जा रही थी।
- पानी भरने और प्रोसेसिंग मशीनों की नियमित सफाई नहीं की जा रही थी।
इन सभी खामियों को उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा मानते हुए FSSAI ने कंपनी का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया।
उपभोक्ताओं के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह कार्रवाई?
आज के समय में लाखों लोग यात्रा, ऑफिस और घर से बाहर रहने के दौरान पैकेज्ड पानी पर निर्भर रहते हैं। ऐसे में यदि उत्पादन प्रक्रिया में स्वच्छता और गुणवत्ता के मानकों का पालन नहीं किया जाए तो पानी के जरिए बैक्टीरिया, धातु के कण या अन्य हानिकारक पदार्थ शरीर में पहुंच सकते हैं, जिससे स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।
FSSAI की यह कार्रवाई कंपनियों के लिए स्पष्ट संदेश है कि खाद्य सुरक्षा मानकों से किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
FSSAI ने कंपनियों को दिए सख्त निर्देश
हाल ही में FSSAI ने सभी खाद्य एवं पेय पदार्थ बनाने वाली कंपनियों को पैकेजिंग और विज्ञापनों में भ्रामक दावे करने से भी मना किया है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि कंपनियां बिना पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण के अपने उत्पादों पर:
- 100% Pure
- 100% Natural
- 100% Purity Guaranteed
जैसे दावे नहीं कर सकतीं। FSSAI का कहना है कि ऐसे दावे उपभोक्ताओं को भ्रमित कर सकते हैं और निष्पक्ष व्यापार के सिद्धांतों के खिलाफ हैं।
पैकेज्ड पानी खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
विशेषज्ञों के अनुसार बोतलबंद पानी खरीदते समय उपभोक्ताओं को कुछ सावधानियां जरूर बरतनी चाहिए।
- हमेशा सीलबंद बोतल ही खरीदें।
- बोतल पर FSSAI लाइसेंस नंबर और निर्माण तिथि जांचें।
- बोतल का ढक्कन पहले से खुला या ढीला न हो।
- एक्सपायरी डेट जरूर देखें।
- किसी भी संदिग्ध स्वाद, गंध या रंग वाला पानी न पिएं।
निष्कर्ष
मैत्री ड्रिंकिंग वाटर के खिलाफ हुई कार्रवाई यह याद दिलाती है कि पैकेज्ड पानी होने का मतलब हमेशा सुरक्षित पानी नहीं होता। उपभोक्ताओं को भी पानी खरीदते समय सतर्क रहना चाहिए, जबकि कंपनियों को गुणवत्ता और स्वच्छता के सभी मानकों का सख्ती से पालन करना होगा। FSSAI का यह कदम खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और लोगों के स्वास्थ्य की रक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा।


