NEET Protest: राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने NEET विरोध-प्रदर्शनों के दौरान पुलिस कार्रवाई का सामना कर रहे छात्रों और प्रदर्शनकारियों की कानूनी सहायता के लिए बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने ‘कॉकरोच जनता पार्टी (CJP)’ द्वारा बनाए गए लीगल एड फंड में ₹1 करोड़ का योगदान देने की घोषणा की। इस फंड का उद्देश्य देशभर में दर्ज मामलों की कानूनी निगरानी करना और जरूरतमंद छात्रों को वकीलों के माध्यम से मुफ्त या रियायती कानूनी सहायता उपलब्ध कराना है।
छात्रों की कानूनी मदद के लिए बनाया गया विशेष फंड
VIDEO | Delhi: Addressing a press conference along with CJP spokesperson Saurav Das, Independent Rajya Sabha MP and senior advocate Kapil Sibal says, "This CJP will create a framework to track what happened at which place, which student or protester was affected, and what action… pic.twitter.com/OoSbxfy9bx
— Press Trust of India (@PTI_News) July 27, 2026 राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने सोमवार को CJP के लीगल एड फंड में ₹1 करोड़ देने की घोषणा की। यह फंड उन छात्रों और प्रदर्शनकारियों के समर्थन के लिए तैयार किया गया है, जिनके खिलाफ हालिया NEET विरोध-प्रदर्शनों के दौरान विभिन्न राज्यों में पुलिस ने मामले दर्ज किए हैं।
सिब्बल ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन नागरिकों का अधिकार है और ऐसे मामलों में छात्रों को कानूनी परेशानियों का सामना नहीं करना चाहिए।
कई राज्यों में दर्ज मामलों पर रखी जाएगी नजर
कपिल सिब्बल ने बताया कि यह लीगल फंड बिहार, असम, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र समेत कई राज्यों में दर्ज मामलों की निगरानी करेगा। उन्होंने कहा कि वकीलों का एक नेटवर्क तैयार किया जाएगा, जो छात्रों और प्रदर्शनकारियों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराएगा।
उन्होंने यह भी मांग की कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ दर्ज FIR वापस ली जानी चाहिए और भविष्य में ऐसे मामलों में आपराधिक कार्रवाई से बचना चाहिए।
CJP का दावा- छात्रों पर कार्रवाई की आशंका बरकरार
CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से दिए गए आश्वासनों के बावजूद देशभर में छात्रों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज होने की आशंका बनी हुई है।
उन्होंने बताया कि संगठन सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकीलों के संपर्क में है ताकि जिन छात्रों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई हुई है, उन्हें समय पर कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
कपिल सिब्बल ने वकीलों से भी की अपील
सौरव दास के साथ मौजूद कपिल सिब्बल ने कहा कि उन्होंने अपनी ओर से ₹1 करोड़ का योगदान दिया है और अब देशभर के वकीलों से भी इस पहल में शामिल होने की अपील की है।
उन्होंने कहा,
“मैंने अपनी तरफ से ₹1 करोड़ का योगदान दिया है। मैं पूरे भारत के वकीलों से अपील करता हूं कि वे इस फंड में योगदान दें ताकि हम उन लोगों की मदद कर सकें जो कानून के दुरुपयोग का सामना कर रहे हैं।”
CJP बनाएगी विशेष वेबसाइट
सिब्बल ने जानकारी दी कि CJP एक विशेष वेबसाइट तैयार करेगी, जिसमें उन छात्रों और प्रदर्शनकारियों का विवरण उपलब्ध होगा जिनके खिलाफ FIR दर्ज हुई है।
इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से ऐसे वकील, जो प्रो बोनो (मुफ्त) या अन्य कानूनी सहायता देने के इच्छुक हैं, सीधे इस अभियान से जुड़ सकेंगे। इससे जरूरतमंद छात्रों को समय पर कानूनी सहयोग उपलब्ध कराने में आसानी होगी।
लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा पर जोर
कपिल सिब्बल ने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन लोकतंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं और छात्रों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है। उन्होंने दोहराया कि यदि किसी छात्र के खिलाफ केवल शांतिपूर्ण प्रदर्शन में भाग लेने के कारण मामला दर्ज किया गया है, तो ऐसे मामलों की निष्पक्ष समीक्षा कर उन्हें वापस लिया जाना चाहिए।


