NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    india-us-fta-final-stage-big-update-piyush-goyal-hindi
    India-US FTA Update: भारत-अमेरिका व्यापार समझौता अंतिम चरण में, अहम मुद्दों पर बनी सहमति; जल्द हो सकता है बड़ा ऐलान
    3 जुलाई 2026
    bitcoin-price-today-live-chart-hindi
    Bitcoin Price Today: लाइव बिटकॉइन प्राइस, चार्ट, मार्केट कैप और निवेश से पहले जानें जरूरी बातें
    3 जुलाई 2026
    shadi-ke-liye-sona-kharidne-ka-sahi-samay
    शादी के लिए सोना खरीदने का सही समय: कब खरीदें ताकि कम कीमत में मिले ज्यादा फायदा?
    3 जुलाई 2026
    ivpa-cfna-mou-india-china-edible-oil-trade-2026
    भारत-चीन के बीच खाद्य तेल व्यापार को नई रफ्तार, IVPA और CFNA ने किया बड़ा समझौता
    2 जुलाई 2026
    8th-pay-commission-cea-hostel-subsidy-latest-update-hindi
    8th Pay Commission: बच्चों की पढ़ाई का खर्च होगा कम? CEA और हॉस्टल सब्सिडी पर बड़ा अपडेट, कर्मचारियों ने रखी बड़ी मांग
    2 जुलाई 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    petrol-price-in-delhi-2-july-2026-petrol-diesel-price-today-brent-crude-fall
    Petrol Price in Delhi: जून में 21% टूटा ब्रेंट क्रूड, फिर भी सरकारी कंपनियों ने नहीं घटाए पेट्रोल-डीजल के दाम; जानें आज के रेट
    2 जुलाई 2026
    petrol-diesel-price-nayara-energy-cut-petrol-diesel-rates-july-2026
    Petrol Diesel Price: पेट्रोल ₹5 और डीजल ₹3 प्रति लीटर सस्ता, इस कंपनी ने घटाए दाम, 7,000 से ज्यादा पेट्रोल पंपों पर मिलेगा फायदा
    1 जुलाई 2026
    petrol-price-today-30-june-2026-brent-crude-petrol-diesel-rate-india
    Petrol Price Today: ब्रेंट क्रूड फिर चढ़ा, लेकिन भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर; मुंबई में पेट्रोल ₹111.21 और डीजल ₹97.83
    30 जून 2026
    petrol-price-today-29-june-2026-petrol-diesel-rate-crude-oil-price-hindi
    Petrol Price Today: फिर चढ़ा क्रूड ऑयल, जानें दिल्ली, मुंबई, कोलकाता समेत सभी शहरों में पेट्रोल-डीजल का नया रेट
    29 जून 2026
    petrol-price-today-27-june-2026-crude-oil-war-premium-ended-hormuz-petrol-diesel-rate
    Petrol Price Today: होर्मुज में बढ़ी आवाजाही से क्रूड सस्ता, जानिए 27 जून के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट
    27 जून 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    adani-enterprises-qip-floor-price-3034-fundraising-news-hindi
    Adani Enterprises QIP: अदाणी एंटरप्राइजेज ने खोला फंड जुटाने का पिटारा, ₹3,034.68 का फ्लोर प्राइस तय
    2 जुलाई 2026
    parle-products-ipo-rs-9530-crore-targets-rs-1-lakh-crore-valuation
    IPO News: ₹2 का बिस्किट बेचने वाली Parle Products लाएगी ₹9,530 करोड़ का IPO? ₹1 लाख करोड़ से ज्यादा वैल्यूएशन का लक्ष्य
    2 जुलाई 2026
    ashish-kacholia-zaggle-share-price-rises-5-percent-after-apac-deal
    आशीष कचोलिया के पोर्टफोलियो वाले इस शेयर में 5% की तूफानी तेजी! 5 साल की डील से बढ़ी उम्मीदें, क्या अब आएगी लंबी रैली?
    2 जुलाई 2026
    july-2026-top-dividend-stocks-honeywell-swaraj-engines-britannia-dividend-record-date
    जुलाई में इन 3 कंपनियों से मिलेगा बंपर डिविडेंड, 9050% तक का ऐलान; क्या आपके पोर्टफोलियो में हैं ये शेयर?
    2 जुलाई 2026
    yes-bank-subsidiary-yes-securities-nse-ban-removed-new-client-onboarding
    Yes Bank की सब्सिडियरी को मिली बड़ी राहत, NSE ने हटाया बैन; अब फिर से जोड़ सकेगी नए ग्राहक
    2 जुलाई 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: $110 तक पहुंच सकता है कच्चा तेल! भारत ने चीन-जापान के साथ बनाई बड़ी रणनीति, ऐसे बचाई जाएगी सप्लाई
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

$110 तक पहुंच सकता है कच्चा तेल! भारत ने चीन-जापान के साथ बनाई बड़ी रणनीति, ऐसे बचाई जाएगी सप्लाई

Namam Sharma
Last updated: 2026/06/27 at 10:49 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
oil-price-110-dollar-india-china-japan-energy-corridor-plan
SHARE

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और होर्मुज स्ट्रेट संकट के बीच दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाएं अब सिर्फ तेल खरीदने की नहीं, बल्कि “तेल पहुंचाने के सुरक्षित रास्ते” की रणनीति पर काम कर रही हैं। भारत, चीन, जापान और दक्षिण कोरिया जैसे बड़े तेल आयातक देशों के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि अगर होर्मुज स्ट्रेट लंबे समय तक बाधित रहा तो उनकी ऊर्जा सुरक्षा कैसे बचेगी।

Contents
आखिर क्या है होर्मुज स्ट्रेट और क्यों बढ़ी दुनिया की टेंशन?भारत, चीन और जापान अब क्या करने वाले हैं?क्यों डर रहा है पूरा एशिया?110 डॉलर वाला तेल भारत को कितना नुकसान पहुंचा सकता है?1. पेट्रोल-डीजल महंगा हो सकता है2. रुपया कमजोर हो सकता है3. महंगाई बढ़ सकती है4. GDP ग्रोथ प्रभावित हो सकती हैक्या भारत के पास दूसरा विकल्प भी है?बाजार क्यों मान रहा है कि संकट लंबा चलेगा?आम लोगों को अभी क्या समझना चाहिए?भारत की असली चुनौती अब क्या है?

इसी बीच ग्लोबल रेटिंग एजेंसी Moody’s Ratings की एक अहम रिपोर्ट ने नई चिंता भी बढ़ा दी है और संभावित समाधान की दिशा भी दिखाई है। एजेंसी का मानना है कि ब्रेंट क्रूड की कीमतें लंबे समय तक 90 से 110 डॉलर प्रति बैरल के बीच रह सकती हैं। ऐसे में भारत समेत एशिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाएं ईरान के साथ मिलकर “समन्वित पारगमन गलियारा” यानी Coordinated Transit Corridor बनाने की दिशा में बातचीत कर सकती हैं।

यह सिर्फ एक कूटनीतिक पहल नहीं होगी, बल्कि आने वाले महीनों में एशिया की ऊर्जा सुरक्षा का सबसे बड़ा सहारा बन सकती है।

आखिर क्या है होर्मुज स्ट्रेट और क्यों बढ़ी दुनिया की टेंशन?

दुनिया में समुद्री रास्ते से होने वाले कच्चे तेल और LNG ट्रांसपोर्ट का बड़ा हिस्सा होर्मुज स्ट्रेट से गुजरता है। यह संकरा समुद्री मार्ग फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है। सऊदी अरब, इराक, यूएई, कुवैत और ईरान जैसे बड़े तेल उत्पादक देशों का तेल इसी रास्ते से एशिया और यूरोप पहुंचता है।

ऊर्जा विशेषज्ञों के अनुसार दुनिया के कुल समुद्री तेल व्यापार का लगभग एक-चौथाई हिस्सा इसी मार्ग से गुजरता है। ऐसे में यहां किसी भी तरह की सैन्य या भू-राजनीतिक बाधा सीधे तेल की कीमतों को प्रभावित करती है।

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण बीमा लागत, शिपिंग चार्ज और सुरक्षा जोखिम तेजी से बढ़े हैं। कई जहाज कंपनियों ने इस क्षेत्र में आवाजाही सीमित कर दी है। यही वजह है कि तेल बाजार में अस्थिरता लगातार बनी हुई है।

भारत, चीन और जापान अब क्या करने वाले हैं?

Moody’s Ratings की रिपोर्ट के मुताबिक भारत, चीन, जापान और दक्षिण कोरिया जैसे देश ईरान के साथ द्विपक्षीय स्तर पर एक विशेष ट्रांजिट व्यवस्था बनाने पर विचार कर सकते हैं।

इस रणनीति का मकसद होगा:

  • तेल टैंकरों के लिए सुरक्षित समुद्री कॉरिडोर तैयार करना
  • सीमित लेकिन नियमित शिपिंग मूवमेंट बनाए रखना
  • सैन्य तनाव के बीच भी सप्लाई चेन को चालू रखना
  • ऊर्जा कीमतों में अचानक उछाल को नियंत्रित करना

रिपोर्ट के अनुसार यह संभावित कॉरिडोर लारक द्वीप और ओमान के समुद्री क्षेत्र के आसपास विकसित हो सकता है। यह वही इलाका है जहां से होकर कई प्रमुख ऊर्जा मार्ग गुजरते हैं।

विशेषज्ञ मानते हैं कि यह “पूर्ण समाधान” नहीं होगा, लेकिन इससे सप्लाई पूरी तरह रुकने का खतरा काफी हद तक कम हो सकता है।

क्यों डर रहा है पूरा एशिया?

एशिया की सबसे बड़ी समस्या यह है कि उसकी अर्थव्यवस्था ऊर्जा आयात पर बहुत अधिक निर्भर है।

देशतेल आयात निर्भरता
भारतपश्चिम एशिया से लगभग 46%
जापान90% से अधिक आयातित तेल
दक्षिण कोरियालगभग पूरी तरह आयात पर निर्भर
चीनदुनिया का सबसे बड़ा तेल आयातक

यही कारण है कि पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ते ही सबसे ज्यादा चिंता एशियाई देशों में दिखाई देती है।

भारत के लिए स्थिति और संवेदनशील इसलिए है क्योंकि यहां तेल की कीमतें सिर्फ पेट्रोल-डीजल तक सीमित नहीं रहतीं। इसका असर महंगाई, ट्रांसपोर्ट लागत, खाद्य पदार्थ, हवाई किराया, गैस सिलेंडर, उद्योगों की लागत, रुपये की मजबूती सब पर पड़ता है।

110 डॉलर वाला तेल भारत को कितना नुकसान पहुंचा सकता है?

अगर ब्रेंट क्रूड लंबे समय तक 100 डॉलर से ऊपर बना रहता है तो भारत की अर्थव्यवस्था पर कई स्तरों पर दबाव बढ़ सकता है।

1. पेट्रोल-डीजल महंगा हो सकता है

तेल कंपनियों पर लागत बढ़ेगी। सरकार टैक्स घटाकर राहत देने की कोशिश कर सकती है, लेकिन लंबे समय तक ऐसा करना आसान नहीं होगा।

2. रुपया कमजोर हो सकता है

भारत को ज्यादा डॉलर खर्च करने पड़ेंगे। इससे डॉलर की मांग बढ़ेगी और रुपया दबाव में आ सकता है।

3. महंगाई बढ़ सकती है

तेल महंगा होने का असर ट्रांसपोर्ट और मैन्युफैक्चरिंग लागत पर पड़ता है। इसका असर रोजमर्रा की चीजों पर दिखता है।

4. GDP ग्रोथ प्रभावित हो सकती है

Moody’s Ratings ने 2026 के लिए भारत की GDP वृद्धि दर का अनुमान घटाकर 6% कर दिया है। एजेंसी का मानना है कि ऊंची ऊर्जा कीमतें आर्थिक गतिविधियों को धीमा कर सकती हैं।

क्या भारत के पास दूसरा विकल्प भी है?

भारत पिछले कुछ वर्षों में तेल सप्लाई को diversify करने की कोशिश कर रहा है। रूस से सस्ता तेल खरीदना इसी रणनीति का हिस्सा था। इसके अलावा भारत:

  • Strategic Petroleum Reserve बढ़ा रहा है
  • अमेरिका और अफ्रीका से आयात बढ़ा रहा है
  • LNG टर्मिनल विस्तार पर काम कर रहा है
  • Renewable energy capacity बढ़ा रहा है

लेकिन सच्चाई यह है कि निकट भविष्य में भारत पूरी तरह पश्चिम एशिया पर निर्भरता खत्म नहीं कर सकता।

बाजार क्यों मान रहा है कि संकट लंबा चलेगा?

मूडीज का सबसे बड़ा संकेत यही है कि अमेरिका और ईरान के बीच जल्द स्थायी समझौते की संभावना बेहद कम है। इसका मतलब है कि समुद्री जोखिम बने रहेंगे, बीमा लागत ऊंची रहेगी, शिपिंग बाधित रहेगी, तेल बाजार में volatility बनी रहेगी रिपोर्ट के अनुसार भले ही अगले छह महीनों में आंशिक रूप से सुरक्षित आवाजाही बहाल हो जाए, लेकिन 2026 में भी युद्ध-पूर्व स्तर की सामान्य स्थिति लौटना मुश्किल दिखाई देता है।

आम लोगों को अभी क्या समझना चाहिए?

यह सिर्फ अंतरराष्ट्रीय राजनीति की खबर नहीं है। अगर कच्चा तेल लंबे समय तक महंगा रहता है तो उसका असर हर भारतीय परिवार तक पहुंचेगा।

संभावित असर LPG सिलेंडर महंगा, फ्लाइट टिकट महंगे, ऑनलाइन डिलीवरी चार्ज बढ़ सकते हैं, सब्जियां और खाद्य पदार्थ महंगे, ऑटो सेक्टर पर दबाव, शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव यानी तेल संकट सीधे जेब पर असर डाल सकता है।

भारत की असली चुनौती अब क्या है?

भारत के सामने सबसे बड़ी चुनौती सिर्फ तेल खरीदने की नहीं, बल्कि “सप्लाई को सुरक्षित बनाए रखने” की है। यही वजह है कि अब ऊर्जा सुरक्षा सिर्फ आर्थिक मुद्दा नहीं, बल्कि रणनीतिक और कूटनीतिक मुद्दा बन चुकी है।

अगर भारत, चीन, जापान और दक्षिण कोरिया मिलकर ईरान के साथ सुरक्षित ट्रांजिट कॉरिडोर तैयार करने में सफल होते हैं, तो यह एशिया के लिए आने वाले वर्षों की सबसे महत्वपूर्ण ऊर्जा रणनीतियों में से एक साबित हो सकता है।

लेटेस्ट रेट्स और मार्केट अपडेट्स के लिए NewsJagran पर आज का सोने का भाव, आज का चांदी का भाव, आज का पेट्रोल-डीजल भाव, आज का LPG रेट, CNG रेट, PNG रेट, कच्चे तेल का भाव, डॉलर-रुपया रेट और IPO GMP Today देखें।

You Might Also Like

India-US FTA Update: भारत-अमेरिका व्यापार समझौता अंतिम चरण में, अहम मुद्दों पर बनी सहमति; जल्द हो सकता है बड़ा ऐलान

Bitcoin Price Today: लाइव बिटकॉइन प्राइस, चार्ट, मार्केट कैप और निवेश से पहले जानें जरूरी बातें

शादी के लिए सोना खरीदने का सही समय: कब खरीदें ताकि कम कीमत में मिले ज्यादा फायदा?

भारत-चीन के बीच खाद्य तेल व्यापार को नई रफ्तार, IVPA और CFNA ने किया बड़ा समझौता

8th Pay Commission: बच्चों की पढ़ाई का खर्च होगा कम? CEA और हॉस्टल सब्सिडी पर बड़ा अपडेट, कर्मचारियों ने रखी बड़ी मांग

TAGGED: Brent Crude, China Japan India, Crude Oil, Energy Security, Global Oil Market, Hormuz Strait, India Economy, Iran Crisis, LPG Crisis, Moody's Ratings, oil crisis, Petrol Diesel Price
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article china-plus-one-strategy-india-vs-china-arvind-virmani-manufacturing-plan China+1 Strategy: चीन 1 लगाए तो भारत 3 लगाए! चीन को टक्कर देने के लिए अर्थशास्त्री ने बताया पूरा गेम प्लान
Next Article adb-praises-modi-government-reforms-warns-indian-economy-over-middle-east-crisis मोदी सरकार के इन 2 बड़े फैसलों पर गदगद हुआ ADB, लेकिन भारतीय अर्थव्यवस्था को लेकर दे दी ये बड़ी चेतावनी

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

silver-price-today
Silver Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में चांदी के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
gold-price-today
Gold Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में 24K, 22K और 18K सोने के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
crude-oil-price-today
Crude Oil Price Today: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट या तेजी? जानिए आज का लेटेस्ट अपडेट
कमोडिटी फाइनेंस
ipo-gmp-today-mainboard-sme
IPO GMP Today: मेनबोर्ड और SME IPO का ताजा GMP अपडेट, किस इश्यू में सबसे ज्यादा कमाई की उम्मीद?
शेयर बाज़ार फाइनेंस
usd-inr-live-chart-dollar-vs-rupee-exchange-rate-hindi
USD/INR Live Chart: डॉलर बनाम रुपया, आज का एक्सचेंज रेट, लाइव चार्ट और पूरा विश्लेषण
फाइनेंस
png-price-today
PNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में PNG गैस के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
cng-price-today
CNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में CNG के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
lpg-price-today
LPG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में घरेलू और कमर्शियल LPG सिलेंडर के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
live-petrol-diesel-price
Petrol Diesel Price Today: आज आपके शहर में पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
gold-investment-complete-guide-2026-gold-etf-sgb-digital-gold
Gold Investment Complete Guide 2026: Gold ETF, Digital Gold, SGB, Hallmark Gold और निवेश की पूरी जानकारी
फाइनेंस

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?