IMD Rain Forecast Alert: देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मध्य प्रदेश के आसपास बने लो-प्रेशर सिस्टम के प्रभाव से उत्तर भारत, मध्य भारत और पूर्वोत्तर के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, पंजाब समेत 15 से अधिक राज्यों के लिए बारिश और गरज-चमक का अलर्ट जारी किया है।
लो-प्रेशर सिस्टम से बदला मौसम
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में बना वेल मार्क्ड लो-प्रेशर एरिया पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है। अगले 24 घंटों में इसके दक्षिणी उत्तर प्रदेश और उससे सटे उत्तरी मध्य प्रदेश की ओर बढ़ने की संभावना है।
इस मौसमी सिस्टम के कारण मध्य भारत से लेकर उत्तर भारत और पूर्वोत्तर राज्यों तक बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। कई इलाकों में तेज बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी देखने को मिल सकती हैं।
पिछले 24 घंटों में हिमाचल प्रदेश, पंजाब, पूर्वी मध्य प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में 12 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा गांगेय पश्चिम बंगाल, बिहार, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, मध्य महाराष्ट्र और असम में 7 से 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश हुई।
मध्य प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी
मध्य प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक मौसम काफी सक्रिय रहने वाला है। 3 से 5 सितंबर के बीच राज्य के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है।
खास तौर पर 3 सितंबर को पूर्वी मध्य प्रदेश में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी है। पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश में 3 से 5 सितंबर के बीच भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।
वहीं, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में भी 3 सितंबर को भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन इलाकों में 3 से 7 सितंबर के दौरान गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं हो सकती हैं।
दिल्ली, यूपी, पंजाब और पहाड़ी राज्यों में कैसा रहेगा मौसम?
उत्तर-पश्चिम भारत में मानसून ट्रफ और ऊपरी हवा के साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण बारिश की गतिविधियां बढ़ी रहेंगी।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 3 सितंबर को बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। इसके बाद 4 से 7 सितंबर तक भी कई स्थानों पर भारी बारिश जारी रह सकती है।
पूर्वी उत्तर प्रदेश में 3 सितंबर और फिर 6 से 8 सितंबर के बीच भारी बारिश की संभावना है।
दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब और हिमाचल प्रदेश में 3 से 5 सितंबर के दौरान व्यापक बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर भारी बारिश की भी चेतावनी है।
उत्तराखंड में 3 से 9 सितंबर के बीच बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। इस दौरान कई इलाकों में भारी बारिश के साथ बिजली चमकने की घटनाएं हो सकती हैं।
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में 4 सितंबर को भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं, पूर्वी राजस्थान में 3 से 5 सितंबर के दौरान तेज बारिश हो सकती है।
बिहार, बंगाल और झारखंड में भी बारिश का अलर्ट
पूर्वी भारत में भी मानसून सक्रिय रहेगा। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 3 से 8 सितंबर तक भारी बारिश की संभावना है।
गांगेय पश्चिम बंगाल में 3 से 5 सितंबर और फिर 8 से 9 सितंबर के दौरान भारी बारिश हो सकती है। 3 सितंबर को गांगेय पश्चिम बंगाल में तेज बिजली कड़कने का खतरा भी जताया गया है।
बिहार में 3 से 6 सितंबर और फिर 8 से 9 सितंबर के दौरान भारी बारिश का अलर्ट है। झारखंड में 5 सितंबर तथा 8-9 सितंबर को भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
पूर्वोत्तर राज्यों में पूरे हफ्ते बारिश
पूर्वोत्तर भारत में भी मौसम का मिजाज बदला रहेगा। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 3 से 9 सितंबर तक कई स्थानों पर भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।
अरुणाचल प्रदेश में 3 सितंबर को बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी और निचले इलाकों में स्थानीय स्तर पर जलभराव जैसी स्थिति बन सकती है।
महाराष्ट्र, गुजरात और गोवा में कैसा रहेगा मौसम?
पश्चिमी भारत में कोंकण और गोवा में 3 से 9 सितंबर के दौरान व्यापक बारिश होने का अनुमान है।
मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, गुजरात तथा सौराष्ट्र और कच्छ में हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है।
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में अगले एक सप्ताह के दौरान बारिश की गतिविधियों में कुछ कमी आने की संभावना है। हालांकि तटीय कर्नाटक और लक्षद्वीप में 3 सितंबर को अच्छी बारिश हो सकती है।
इन राज्यों में तेज हवा और बिजली का अलर्ट
मौसम विभाग ने उत्तर आंतरिक कर्नाटक, तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और तेलंगाना के लिए भी चेतावनी जारी की है।
इन इलाकों में 3 से 5 सितंबर के दौरान 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इस दौरान बिजली चमकने और तेज सतही हवाओं की स्थिति भी बन सकती है।
IMD Rain Alert: लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
भारी बारिश और गरज-चमक की चेतावनी वाले इलाकों में लोगों को मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर रखनी चाहिए। तेज बारिश के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और कमजोर ढांचों के पास जाने से बचना बेहतर रहेगा।
बारिश के कारण कुछ क्षेत्रों में सड़क यातायात प्रभावित हो सकता है और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में रहने या यात्रा करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
कुल मिलाकर, 3 से 9 सितंबर के बीच उत्तर भारत, मध्य भारत और पूर्वोत्तर के कई राज्यों में मानसून सक्रिय रहने की संभावना है। सबसे ज्यादा असर मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों के कुछ हिस्सों में देखने को मिल सकता है।


