Manoj Muntashir on Adipurush: साल 2023 में रिलीज हुई फिल्म ‘आदिपुरुष’ को लेकर हुए भारी विवाद के लगभग तीन साल बाद लेखक मनोज मुंतशिर ने पहली बार खुलकर अपनी गलती स्वीकार की है। प्रभास, कृति सेनन और सैफ अली खान स्टारर इस फिल्म के संवाद लिखने वाले मुंतशिर ने कहा कि ‘आदिपुरुष’ उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती थी और फिल्म का बचाव करना उससे भी बड़ी भूल साबित हुई। उन्होंने देश से माफी मांगते हुए स्वीकार किया कि आज उन संवादों को याद कर उन्हें शर्म आती है।
‘आदिपुरुष मेरी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती थी’
हाल ही में टाइम्स नाउ को दिए एक इंटरव्यू में मनोज मुंतशिर ने फिल्म को लेकर अपनी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने कहा कि शुरुआत में उन्हें लगा था कि विवाद कुछ समय बाद शांत हो जाएगा, लेकिन दो दिन के भीतर उन्हें एहसास हो गया कि मामला बेहद गंभीर है।
उन्होंने कहा,
“आदिपुरुष मेरी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती थी और उस फिल्म का बचाव करना उससे भी बड़ी गलती थी। जो कुछ भी हुआ, उसके लिए मुझे बहुत शर्मिंदगी है। मैं पूरे देश से माफी मांगता हूं।”
मनोज ने माना कि उस समय उन्होंने दर्शकों की भावनाओं को सही तरीके से नहीं समझा और बाद में उन्हें अपनी गलती का अहसास हुआ।
डायलॉग्स पर बोले- ‘मुझे शर्म आती है’
फिल्म के सबसे ज्यादा विवादित पहलुओं में इसके संवाद रहे। मनोज मुंतशिर ने स्वीकार किया कि अब जब वह पीछे मुड़कर देखते हैं तो उन्हें अपने लिखे संवादों पर अफसोस होता है।
उन्होंने कहा,
“अब जब मैं पीछे मुड़कर देखता हूं तो मुझे शर्म आती है कि मैंने वे डायलॉग लिखे थे। मुझे नहीं पता कि मैंने किस ट्रिप के दौरान उन्हें लिखा था।”
उनका यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इसे उनकी सार्वजनिक स्वीकारोक्ति के रूप में देख रहे हैं।
आखिर क्यों हुआ था ‘आदिपुरुष’ का इतना विरोध?
ओम राउत के निर्देशन में बनी ‘आदिपुरुष’ जून 2023 में सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। फिल्म हिंदू महाकाव्य रामायण से प्रेरित थी, लेकिन रिलीज के बाद इसे दर्शकों की तीखी आलोचना का सामना करना पड़ा।
फिल्म को लेकर मुख्य विवाद इन वजहों से हुआ था—
- भगवान राम, माता सीता, हनुमान और रावण के किरदारों के चित्रण पर सवाल उठे।
- कई संवादों को दर्शकों ने धार्मिक भावनाओं के विपरीत बताया।
- विवादित संवाद “कपड़ा तेरे बाप का…” को बाद में बदला भी गया, लेकिन इससे विरोध शांत नहीं हुआ।
- सोशल मीडिया पर फिल्म के बहिष्कार की मांग उठी।
- फिल्म के CBFC प्रमाणपत्र को रद्द करने की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका भी दाखिल की गई थी, जिसे बाद में अदालत ने खारिज कर दिया।
कृति सेनन ने भी जताया था दुख
फिल्म में माता सीता की भूमिका निभाने वाली कृति सेनन ने भी पहले स्वीकार किया था कि दर्शकों की नकारात्मक प्रतिक्रिया से उन्हें काफी दुख पहुंचा था।
उन्होंने कहा था कि किसी भी फिल्म का उद्देश्य कभी किसी की भावनाओं को आहत करना नहीं होता। हर कलाकार और पूरी टीम सकारात्मक सोच के साथ काम करती है, लेकिन कभी-कभी नतीजे उम्मीद के मुताबिक नहीं आते। ऐसे अनुभवों से सीखना और आगे बेहतर काम करना जरूरी होता है।
बॉक्स ऑफिस पर भी नहीं मिली उम्मीद जैसी सफलता
करीब 600 करोड़ रुपये के बड़े बजट में बनी आदिपुरुष से निर्माताओं को काफी उम्मीदें थीं। हालांकि शुरुआती ओपनिंग के बाद फिल्म विवादों में घिर गई और इसकी कमाई पर भी असर पड़ा। आलोचनाओं और सोशल मीडिया पर लगातार विरोध के कारण फिल्म दर्शकों की उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी।
अब क्यों चर्चा में हैं मनोज मुंतशिर?
मनोज मुंतशिर का यह बयान इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि फिल्म रिलीज होने के दौरान उन्होंने कई बार सार्वजनिक रूप से फिल्म का बचाव किया था। अब तीन साल बाद उन्होंने न केवल अपनी गलती स्वीकार की है, बल्कि देश से माफी मांगते हुए यह भी कहा कि उन्हें अपने लिखे संवादों पर शर्मिंदगी महसूस होती है। उनके इस बयान के बाद ‘आदिपुरुष’ से जुड़ी बहस एक बार फिर चर्चा में आ गई है।


