JP Morgan SDE-2 Salary: बेंगलुरु की एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने सोशल मीडिया पर अपना पूरा सैलरी पैकेज सार्वजनिक कर टेक इंडस्ट्री में नई बहस छेड़ दी है। JP Morgan Chase में Associate (SDE-2) के पद पर कार्यरत इस इंजीनियर ने बताया कि उन्हें कंपनी से सालाना ₹32 लाख की फिक्स सैलरी और 10% परफॉर्मेंस बोनस मिलता है। इस तरह उनका कुल वार्षिक पैकेज लगभग ₹35.2 लाख है। उनकी पोस्ट के बाद इंजीनियरिंग छात्रों, फ्रेशर्स और आईटी प्रोफेशनल्स के बीच वेतन पारदर्शिता को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुई सैलरी डिटेल
A lot of college students and freshers asked about the compensation after my last JPMorgan post.
I thought I would share the exact offer breakdown I received. pic.twitter.com/WK9TQFyxSK
— Aayushiii (@stfu_aayushiii) August 4, 2026 बेंगलुरु स्थित इस सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने X (पूर्व में Twitter) पर बताया कि उनकी पिछली जॉइनिंग पोस्ट के बाद बड़ी संख्या में छात्रों और नए ग्रेजुएट्स ने उनसे JP Morgan में मिलने वाले पैकेज के बारे में सवाल पूछे थे। बार-बार एक जैसी जिज्ञासा सामने आने पर उन्होंने अपने ऑफर लेटर का पूरा ब्रेकडाउन साझा करने का फैसला किया।
उनका कहना था कि वे अनुमान या अफवाहों के बजाय वास्तविक जानकारी देना चाहती थीं ताकि नए उम्मीदवारों को सही तस्वीर मिल सके।
JP Morgan SDE-2 Salary Breakdown
इंजीनियर द्वारा साझा किए गए पैकेज के अनुसार:
- फिक्स्ड सैलरी: ₹32 लाख प्रति वर्ष
- परफॉर्मेंस बोनस: 10%
- कुल अनुमानित CTC: लगभग ₹35.2 लाख प्रति वर्ष
- जॉइनिंग बोनस: नहीं
- रिलॉकेशन अलाउंस: नहीं
- स्टॉक (ESOP/RSU): नहीं
- अन्य बेनिफिट्स: कंपनी के सामान्य कर्मचारी लाभ
यानी इस ऑफर में अधिकतर हिस्सा फिक्स्ड सैलरी का है, जबकि कई बड़ी टेक कंपनियों की तरह स्टॉक या साइनिंग बोनस शामिल नहीं है।
छात्रों और फ्रेशर्स को क्यों लगी यह जानकारी उपयोगी?
पोस्ट वायरल होने के बाद हजारों लोगों ने इसे पसंद किया। खासकर इंजीनियरिंग छात्रों और फ्रेशर्स का कहना था कि कंपनियों के पैकेज को लेकर अक्सर अलग-अलग दावे किए जाते हैं। ऐसे में किसी कर्मचारी द्वारा वास्तविक ऑफर साझा करना करियर प्लानिंग और प्लेसमेंट की तैयारी के लिए काफी मददगार साबित हो सकता है।
कई यूजर्स ने लिखा कि वास्तविक वेतन की जानकारी मिलने से उम्मीदवार अपनी अपेक्षाओं को बेहतर तरीके से तय कर सकते हैं और इंटरव्यू के दौरान अधिक आत्मविश्वास के साथ बातचीत कर सकते हैं।
पहली जॉइनिंग पोस्ट भी रही थी चर्चा में
यह पहली बार नहीं है जब यह इंजीनियर चर्चा में आई हैं। इससे पहले उन्होंने JP Morgan के बेंगलुरु ऑफिस में अपने पहले दिन की तस्वीर सोशल मीडिया पर साझा की थी, जिसे भी लोगों ने काफी पसंद किया था। हालांकि, इस बार उनकी सैलरी से जुड़ी पोस्ट ने कहीं अधिक ध्यान आकर्षित किया।
कुछ लोगों ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि इतनी अच्छी सैलरी मिलने के बाद उन्हें सोशल मीडिया से अतिरिक्त कमाई की जरूरत ही नहीं होगी।
कुछ लोगों ने जताई चिंता
जहां कई लोगों ने सैलरी पारदर्शिता का समर्थन किया, वहीं कुछ यूजर्स ने निजी वित्तीय जानकारी सार्वजनिक करने को लेकर चिंता भी जताई।
उनका कहना था कि किसी कर्मचारी की सैलरी सार्वजनिक होने से कंपनी के अंदर अनावश्यक तुलना हो सकती है और भविष्य में पेशेवर रिश्तों पर भी असर पड़ सकता है। कुछ लोगों ने सलाह दी कि ऐसी जानकारी साझा करने से पहले संभावित प्रभावों पर जरूर विचार करना चाहिए।
टेक इंडस्ट्री में वेतन पारदर्शिता पर फिर शुरू हुई बहस
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या कर्मचारियों को अपनी सैलरी सार्वजनिक करनी चाहिए।
समर्थकों का मानना है कि इससे वेतन असमानता कम हो सकती है और उम्मीदवारों को सही जानकारी मिलती है। वहीं विरोध करने वालों का तर्क है कि सैलरी पूरी तरह व्यक्तिगत मामला है और इसे सार्वजनिक करने से पेशेवर और व्यक्तिगत दोनों स्तर पर समस्याएं पैदा हो सकती हैं।
फिलहाल, JP Morgan की इस इंजीनियर की पोस्ट सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है और टेक इंडस्ट्री में वेतन पारदर्शिता बनाम निजता की बहस को नया आयाम दे रही है।


