DMart Share Price Crash: दिग्गज कारोबारी और निवेशक राधाकिशन दमानी की कंपनी एवेन्यू सुपरमार्ट्स लिमिटेड (DMart) के शेयरों में 13 जुलाई को तेज गिरावट देखने को मिली। कंपनी के पहली तिमाही (Q1 FY27) के नतीजों के बाद निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। बाजार को आशंका है कि क्विक कॉमर्स कंपनियों से बढ़ती प्रतिस्पर्धा और बड़े शहरों में धीमी ग्रोथ का असर डीमार्ट के भविष्य के प्रदर्शन पर पड़ सकता है।
शुरुआती कारोबार में डीमार्ट के शेयर करीब 4 फीसदी तक गिर गए। हालांकि बाद में शेयरों में कुछ रिकवरी देखने को मिली। ब्रोकरेज हाउसेज ने कंपनी के मजबूत बिजनेस मॉडल के बावजूद निकट अवधि की चुनौतियों को देखते हुए स्टॉक पर सतर्क रुख बनाए रखा है।
DMart Share Price में क्यों आई गिरावट?
डीमार्ट के शेयर 13 जुलाई को सुबह करीब ₹3,950 के स्तर पर खुले और शुरुआती कारोबार में गिरकर ₹3,908 के निचले स्तर तक पहुंच गए। हालांकि, बाद में खरीदारी लौटने से गिरावट कुछ कम हुई।
शेयरों में गिरावट के पीछे मुख्य कारण कंपनी के तिमाही नतीजों के साथ-साथ मैनेजमेंट की भविष्य को लेकर दी गई टिप्पणी रही। निवेशकों की चिंता खासतौर पर इन मुद्दों को लेकर है:
- मेट्रो शहरों में स्टोर्स की बिक्री वृद्धि धीमी होना।
- क्विक कॉमर्स कंपनियों जैसे ब्लिंकिट, इंस्टामार्ट और जेप्टो से बढ़ती प्रतिस्पर्धा।
- पुराने स्टोर्स की समान स्टोर बिक्री (Same Store Sales Growth) में सीमित बढ़ोतरी।
- मार्जिन और ग्रोथ को लेकर भविष्य की अनिश्चितता।
डीमार्ट लंबे समय से अपने कम कीमत वाले मॉडल, बेहतर इन्वेंट्री मैनेजमेंट और मजबूत ग्राहक आधार के कारण रिटेल सेक्टर की सबसे सफल कंपनियों में शामिल रही है। लेकिन अब ऑनलाइन ग्रॉसरी और 10-20 मिनट डिलीवरी मॉडल वाली कंपनियां तेजी से बाजार हिस्सेदारी बढ़ा रही हैं।
Q1 रिजल्ट के बाद ब्रोकरेज हाउसेज का क्या कहना है?
डीमार्ट के जून तिमाही के नतीजों के बाद कई बड़े ब्रोकरेज हाउसेज ने कंपनी के शेयर को लेकर सतर्क रुख अपनाया है।
ग्लोबल ब्रोकरेज फर्मों का मानना है कि कंपनी का ऑपरेशनल प्रदर्शन स्थिर रहा है, लेकिन भविष्य की ग्रोथ को लेकर कुछ चुनौतियां बनी हुई हैं।
ब्रोकरेज की राय:
- गोल्डमैन सैक्स ने डीमार्ट पर ‘Sell’ रेटिंग बरकरार रखी है।
- सिटी (Citi) ने भी शेयर पर ‘Sell’ रेटिंग दोहराई है।
- जेपी मॉर्गन (JPMorgan) ने स्टॉक पर ‘Neutral’ रुख बनाए रखा है।
- जेफरीज (Jefferies) ने ‘Hold’ रेटिंग जारी रखी है।
ब्रोकरेज का कहना है कि डीमार्ट का बिजनेस मॉडल मजबूत है, लेकिन मौजूदा वैल्यूएशन में आगे की ग्रोथ को लेकर ज्यादा उम्मीदें पहले से शामिल हैं।
क्विक कॉमर्स बन रहा है बड़ी चुनौती
भारतीय रिटेल मार्केट में पिछले कुछ वर्षों में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। पहले ग्राहक बड़ी खरीदारी के लिए सुपरमार्केट स्टोर्स पर निर्भर रहते थे, लेकिन अब छोटे ऑर्डर और तेज डिलीवरी का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है।
क्विक कॉमर्स कंपनियां ग्राहकों को कुछ ही मिनटों में किराना और रोजमर्रा की जरूरतों का सामान पहुंचा रही हैं। इसका असर खासतौर पर शहरी इलाकों में महसूस किया जा रहा है।
डीमार्ट की सबसे बड़ी ताकत उसका ऑफलाइन स्टोर नेटवर्क और कम कीमत वाला मॉडल है, लेकिन क्विक कॉमर्स कंपनियां सुविधा और स्पीड के आधार पर ग्राहकों को आकर्षित कर रही हैं।
Q1 नतीजों में डीमार्ट का प्रदर्शन कैसा रहा?
डीमार्ट ने जून तिमाही में अपने कारोबार को आगे बढ़ाया, लेकिन बाजार की उम्मीदों के मुकाबले ग्रोथ को लेकर कुछ सवाल उठे हैं।
कंपनी के प्रदर्शन में कुछ सकारात्मक पहलू भी रहे:
- ग्रॉस मार्जिन में सुधार से मुनाफे को समर्थन मिला।
- कंपनी का स्टोर विस्तार जारी रहा।
- ब्रांड की मजबूत ग्राहक पकड़ बनी हुई है।
हालांकि, निवेशकों का फोकस अब इस बात पर है कि कंपनी आने वाली तिमाहियों में बिक्री वृद्धि को किस तरह तेज करती है।
मेट्रो मार्केट में धीमी ग्रोथ चिंता का कारण
डीमार्ट के लिए बड़े शहरों के बाजार काफी महत्वपूर्ण हैं। इन इलाकों में कंपनी को क्विक कॉमर्स कंपनियों से सबसे ज्यादा प्रतिस्पर्धा मिल रही है।
एनालिस्ट्स का कहना है कि पुराने मेट्रो स्टोर्स में बिक्री वृद्धि धीमी रहने से कंपनी की कुल ग्रोथ पर असर पड़ सकता है।
हालांकि, छोटे शहरों और नए बाजारों में डीमार्ट के विस्तार से कंपनी को लंबे समय में फायदा मिल सकता है।
क्या DMart Share में आगे भी दबाव रह सकता है?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, डीमार्ट एक मजबूत और भरोसेमंद रिटेल कंपनी है, लेकिन मौजूदा समय में निवेशकों को ग्रोथ रेट और वैल्यूएशन दोनों पर नजर रखनी होगी।
आने वाले समय में शेयर का प्रदर्शन इन फैक्टर्स पर निर्भर करेगा:
- क्विक कॉमर्स से मुकाबला करने की कंपनी की रणनीति।
- नए स्टोर्स की बिक्री क्षमता।
- मेट्रो शहरों में Same Store Sales Growth।
- मार्जिन में स्थिरता।
डीमार्ट के शेयरों में लंबी अवधि के निवेशकों की दिलचस्पी बनी रह सकती है, लेकिन निकट अवधि में बाजार कंपनी की ग्रोथ स्पीड और प्रतिस्पर्धा से जुड़े संकेतों पर नजर रखेगा।
डिस्क्लेमर: यह खबर ब्रोकरेज रिपोर्ट, बाजार अपडेट और उपलब्ध जानकारी के आधार पर तैयार की गई है। इसमें दिए गए विचार निवेश सलाह नहीं हैं। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।


